तिवसा के पास अमरावती-नागपुर हाईवे पर ट्रैवल्स की टक्कर, बाइक सवार दो युवकों की मौत
तस्वीरें सत्यापित नहीं हैं
वरखेड फाटे के पास तेज रफ्तार ट्रैवल्स ने दोपहिया को टक्कर मारी, निखिल बोके और कैलास कळंबे की मौके पर मौत, ड्राइवर हिरासत में।
अमरावती-नागपुर हाईवे पर तिवसा तालुका के वरखेड फाटे के पास एक भीषण हादसा हो गया। तेज रफ्तार ट्रैवल्स ने एक दोपहिया को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे बाइक पर सवार दोनों लोगों की मौके पर ही मौत हो गई।
मरने वाले दोनों नौजवानों के नाम निखिल बोके और कैलास कळंबे हैं। मिली जानकारी के मुताबिक दोनों उंबरखेड के रहने वाले थे और तिवसा से अपने गांव लौट रहे थे। रास्ते में ही यह हादसा हो गया।
खबर मिलते ही तिवसा पुलिस मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने ट्रैवल्स के ड्राइवर को हिरासत में ले लिया है। मामले की आगे की जांच पुलिस कर रही है।
इस हादसे का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि कैलास की पत्नी आठ महीने की गर्भवती हैं और अगले महीने उनकी डिलीवरी होने वाली थी। यानी बच्चे के जन्म से पहले ही उसके सिर से पिता का साया उठ गया। इस दुखद घटना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और उंबरखेड गांव में शोक का माहौल है।
इसी क्षेत्र से जुड़ी दो और घटनाएं भी सामने आई हैं। भंडारा जिले के तुमसर तालुका में सिहोरा के आदर्श हायस्कूल में गुरुवार को एक छात्र अपने सहपाठियों के साथ स्कूल की छत पर कबड्डी की प्रैक्टिस कर रहा था। वहां से हाई टेंशन बिजली लाइन की जिंदा तारें गुजर रही थीं और उन्हें छू जाने से छात्र को जोरदार करंट लगा। गंभीर हालत में उसका इलाज नागपुर में चल रहा था, जहां कल शाम उसकी मौत हो गई।
मृतक छात्र का नाम अर्णव शेंद्रे है और उसकी उम्र 14 साल थी। स्कूल की इमारत के ऊपर से जिंदा बिजली की तारें गुजरी हुई थीं, इसी वजह से यह हादसा हुआ। अर्णव को बेहतरीन कबड्डी खिलाड़ी और पढ़ाई में बहुत होशियार लड़के के तौर पर जाना जाता था। उसकी अचानक मौत से हर तरफ दुख जताया जा रहा है।
उधर चंद्रपुर जिले के ब्रह्मपुरी तालुका के चांदगांव में एक 4 साल के बच्चे पर बाघ के शावक ने हमला कर उसे घायल कर दिया। बच्चे का नाम मयंक वलके है। वह अपने चचेरे भाई के साथ गांव में ही रहने वाली बुआ के घर जा रहा था। बुआ के घर के पास ही शावक ने उस पर हमला किया।
उसी समय चचेरे भाई ने सूझबूझ दिखाते हुए जोर-जोर से चिल्लाना शुरू कर दिया, जिससे बाघ भाग गया और बच्चे की जान बच गई। घायल मयंक को इलाज के लिए ब्रह्मपुरी के ख्रिस्तानंद अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस घटना के बाद गांव में अभी डर का माहौल बना हुआ है।
कमेंट
अभी कोई कमेंट नहीं। पहले आप लिखिए।