मलबार हिल के प्रियदर्शिनी पार्क में 30 अक्टूबर से तीन दिन का स्वदेशी दिवाली उत्सव
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मुंबई के प्रियदर्शिनी पार्क में 30 अक्टूबर से 1 नवंबर तक 110 से ज्यादा स्टॉल वाला स्वदेशी दिवाली उत्सव 2026 लगेगा।
दिवाली की खरीदारी के लिए मुंबई वालों को इस बार एक खास मौका मिल रहा है। मलबार हिल के प्रियदर्शिनी पार्क में तीन दिन का 'स्वदेशी दिवाली उत्सव 2026' लगने जा रहा है। यह महोत्सव शुक्रवार, 30 अक्टूबर से रविवार, 1 नवंबर 2026 तक चलेगा।
इस महोत्सव की आयोजक और शिवसेना की प्रवक्ता एड. सुशिबेन शाह ने इसकी जानकारी दी। उनके मुताबिक स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देना, महाराष्ट्र समेत पूरे देश के उद्यमियों को अपने सामान बेचने के लिए अपना मंच देना और महिला बचत समूहों व कारोबारियों का हौसला बढ़ाना इसका मकसद है। यह इस महोत्सव का दूसरा साल है।
उद्घाटन समारोह शुक्रवार, 30 अक्टूबर को शाम 6 बजे होगा। इसमें महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, सांसद डॉ. श्रीकांत शिंदे और राज्यसभा सांसद मिलिंद देवरा मौजूद रहेंगे। नेता मीनाताई कांबळी और सीमा सिंह के साथ दूसरे मान्यवर भी समारोह में शामिल होंगे।
सुशिबेन शाह ने बताया कि महोत्सव में 110 से ज्यादा स्टॉल लगाए जाएंगे। इनमें स्वदेशी उत्पाद, हस्तकला का सामान, स्थानीय उद्यमियों के बनाए प्रोडक्ट और महिला बचत समूहों की तैयार की हुई चीजें दिखाई और बेची जाएंगी। लोगों के लिए 20 से ज्यादा मुफ्त वर्कशॉप भी रखी गई हैं। पपेट शो भी महोत्सव का खास आकर्षण रहेगा।
आयोजकों के मुताबिक इस पहल का बड़ा मकसद यह है कि स्थानीय उत्पादक, छोटे उद्यमी, महिला बचत समूह और नए उद्यमी सीधे ग्राहकों तक पहुंच सकें और उनके कारोबार को रफ्तार मिले। साथ ही लोग स्वदेशी उत्पादों को पहले चुनें। दिवाली की खरीदारी के जरिए देश में बने सामान और स्थानीय कारोबारियों को बढ़ावा देने का संदेश इस महोत्सव से दिया जाएगा।
महोत्सव का एक सामाजिक पहलू भी है। महाराष्ट्र में सूखे के हालात को देखते हुए सूखा पीड़ित किसानों की मदद के लिए इस महोत्सव के जरिए सामाजिक उपक्रम भी चलाए जाएंगे। सुशिबेन शाह ने कहा कि त्योहार मनाते वक्त सामाजिक जिम्मेदारी निभाना और जरूरतमंदों की तरफ मदद का हाथ बढ़ाना इसके पीछे की सोच है। खुशी के साथ सामाजिक जिम्मेदारी का एहसास बनाए रखने का संदेश भी इसी से दिया जाएगा।
आखिर में सुशिबेन शाह ने मुंबई वालों से अपील की है कि वे तीन दिन के इस स्वदेशी दिवाली उत्सव 2026 में आएं और स्वदेशी उत्पाद खरीदें। उन्होंने कहा कि स्थानीय उद्यमियों और महिला बचत समूहों का हौसला बढ़ाएं और सूखा पीड़ित किसानों की मदद के लिए चलाए जा रहे सामाजिक उपक्रम में भी हिस्सा लें।
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