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दोस्त की गर्दन पर वार करने वाले किरण थोरात को दस साल की सख्त कैद, 50 हजार रुपये जुर्माना

पुणे की सत्र अदालत ने दोस्त अभिषेक कांबळे की हत्या की कोशिश के मामले में आरोपी को दोषी ठहराया।

दोस्त की गर्दन पर वार करने वाले किरण थोरात को दस साल की सख्त कैद, 50 हजार रुपये जुर्माना तस्वीरें सत्यापित नहीं हैं

पुणे की सत्र अदालत ने दोस्त की हत्या की कोशिश करने वाले एक नौजवान को दस साल की सख्त कैद और पचास हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जिला व अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश के. डी. शिरभाते ने मौजूद सबूतों के आधार पर आरोपी को दोषी करार दिया।

सजा पाने वाले आरोपी का नाम किरण शिवाजी थोरात है। उसकी उम्र 28 साल है और वह भोसरी का रहने वाला है। उस पर अभिषेक कांबळे की हत्या की कोशिश का इल्जाम था। यह वारदात 1 जनवरी 2021 को भोसरी में हुई थी।

मामले की जड़ एक महिला दोस्त को लेकर हुआ झगड़ा था। वारदात से करीब एक महीने पहले ही आरोपी और अभिषेक की जान-पहचान इसी महिला दोस्त के जरिए हुई थी। उसी को लेकर हुए विवाद का गुस्सा किरण के मन में बैठ गया था। उसने फोन करके अभिषेक को बुलाया।

दोनों भोसरी के टेल्को रोड पर बाइक से जा रहे थे। तभी किरण ने बाइक रुकवाई। बाइक रुकते ही उसने अभिषेक का सिर पकड़ा और धारदार हथियार से उसकी गर्दन पर वार कर दिया। आसपास के लोग पास आने लगे तो किरण वहां से भाग निकला।

एक रिक्शा चालक ने अभिषेक को फौरन अस्पताल पहुंचाया, जिससे उसकी जान बच गई। इस घटना से इलाके में काफी हड़कंप मच गया था।

सरकारी पक्ष की तरफ से प्रेमकुमार अगरवाल ने अदालत में दलील रखी। उन्होंने कहा कि आरोपी अपने साथ धारदार हथियार लेकर आया था, यानी उसने जान से मारने की पूरी तैयारी कर रखी थी। गर्दन जैसी नाजुक जगह पर वार किया गया, इसलिए उसका इरादा अभिषेक की हत्या करने का ही था। अदालत ने सरकारी पक्ष की यह दलील मान ली।

डॉक्टरों की गवाही भी अहम रही। उन्होंने बताया कि अभिषेक को वक्त पर इलाज न मिलता तो उसकी मौत हो जाती।

बचाव पक्ष ने अदालत से सजा कम करने की गुजारिश की। उसका कहना था कि आरोपी की हाल ही में शादी हुई है और उसकी पत्नी गर्भवती है। लेकिन अदालत ने कहा कि जुर्म संगीन था, इसलिए उसने यह सख्त फैसला सुनाया।

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