रायपुर में भारत की 92 रन से जीत, स्मृति मंधाना की कप्तानी में झिम्बाब्वे का सूपड़ा साफ
भारत ने तीसरे और आखिरी टी20 में झिम्बाब्वे को 92 रन से हराकर सीरीज 3-0 से जीती। कप्तान बनने के बाद स्मृति मंधाना की यह पहली जीत है।
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रायपुर में खेले गए तीसरे और आखिरी टी20 मैच में भारत ने झिम्बाब्वे को 92 रन से हरा दिया। इस जीत के साथ भारत ने सीरीज में झिम्बाब्वे को क्लीन स्वीप कर दिया। कप्तान बनने के बाद स्मृति मंधाना की यह पहली जीत है।
टॉस भारत ने जीता और पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। यह फैसला सही साबित हुआ, क्योंकि भारत ने झिम्बाब्वे के सामने जीत के लिए 217 रन का बड़ा टार्गेट रख दिया। इस स्कोर के पीछे शेफाली वर्मा और हरमनप्रीत कौर की आक्रामक बल्लेबाजी थी।
भारत की पारी की शुरुआत शेफाली वर्मा और अनुष्का शर्मा ने की। अनुष्का 28 रन बनाकर आउट हुईं, जबकि निकी प्रसाद सिर्फ 9 रन ही बना पाईं। शेफाली ने शानदार हाफ सेंचुरी जमाई और 69 रन की पारी खेलकर आउट हुईं। ऋचा घोष सिर्फ 1 रन बनाकर लौट गईं। दीप्ति शर्मा, अरुंधती रेड्डी और प्रेमा रावत भी इस मैच में अच्छी पारी नहीं खेल सकीं। ऐसे में पूर्व कप्तान हरमनप्रीत कौर ने मोर्चा संभाला और 91 रन की शानदार पारी खेली।
झिम्बाब्वे के गेंदबाजों ने शुरुआती कुछ ओवरों में अच्छी गेंदबाजी की। नोमवेलो सिबांडा ने अनुष्का को आउट किया और न्याशा ग्वांझुरा ने निकी प्रसाद को पवेलियन भेजा। प्रिय बिझा ने शेफाली वर्मा का विकेट लिया। आखिरी ओवरों में भी झिम्बाब्वे के गेंदबाजों ने कसी हुई गेंदबाजी की कोशिश की, लेकिन हरमनप्रीत ने आक्रामक रुख अपनाए रखा। प्रिय बिझा ने सबसे ज्यादा तीन विकेट लिए।
217 रन का पीछा करने उतरी झिम्बाब्वे की शुरुआत खराब रही। केलिस न्धलोवू और मॉडेस्टर मुपाचिकवा ने पारी शुरू की, पर न्धलोवू खाता खोले बिना शून्य पर आउट हो गईं। मुपाचिकवा भी सिर्फ 1 रन बनाकर चलती बनीं। भारतीय गेंदबाजों ने शुरू में ही दो बड़े झटके दे दिए थे। क्रांति गौड़ और नंदिनी शर्मा ने झिम्बाब्वे के दो-दो विकेट लिए।
इसके बाद शार्न मेयर्स ने लड़ने की कोशिश की। उन्होंने शानदार हाफ सेंचुरी लगाई और 60 रन बनाकर आउट हुईं। निकी प्रसाद ने मेयर्स को आउट किया। न्याशा ग्वांझुरा 2 रन बनाकर पवेलियन लौट गईं। आखिर में झिम्बाब्वे टार्गेट से 92 रन पीछे रह गया।
भारतीय महिला टीम में स्मृति मंधाना (कप्तान), शेफाली वर्मा, अनुष्का शर्मा, हरमनप्रीत कौर, निकी प्रसाद, दीप्ति शर्मा, ऋचा घोष (विकेटकीपर), अरुंधती रेड्डी, श्री चरणी, नंदनी शर्मा और क्रांति गौड़ शामिल थीं। झिम्बाब्वे की टीम में केलिस नधलोवु, बिलव्ड बिजा, मोडेस्टर मुपाचिक्वा (विकेटकीपर), शार्न मेयर्स, न्याशा ग्वानज़ुरा, मिशेल मावुंगा, चिपो मुगेरी-तिरिपानो, फ्रांसिस्का चिपारे, जोसेफिन नकोमो (कप्तान), ओलिंडर चारे और तेंडाई मकुशा थीं।