पाम बीच काउंटी में लियरजेट 60 क्रैश, सभी 9 लोगों की मौत; पायलट ने भेजा था मेडे कॉल
तस्वीरें सत्यापित नहीं हैं
मार-ए-लागो से करीब 14 किलोमीटर दूर रविवार को कमर्शियल जेट गिरा। प्रशासन ने सभी 9 लोगों की मौत की पुष्टि की और कहा कि हादसे का सुरक्षा इंतजामों से कोई संबंध नहीं है।
फ्लोरिडा के पाम बीच काउंटी में रविवार को एक कमर्शियल जेट विमान क्रैश हो गया। प्रशासन ने पुष्टि की है कि विमान में सवार सभी 9 लोगों की मौत हो गई। यह हादसा राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के मार-ए-लागो (Mar-a-Lago) निवास से सिर्फ नौ मील यानी करीब 14 किलोमीटर दूर हुआ।
हादसे से कुछ ही घंटे पहले अमेरिका की सीक्रेट सर्विस ने मार-ए-लागो के आसपास हवाई सुरक्षा व्यवस्था तैनात की थी। राष्ट्रपति के पाम बीच वाले निवास के चारों तरफ 'एएन/टीडब्ल्यूक्यू-1 अवेंजर शॉर्ट-रेंज एयर डिफेंस सिस्टम्स' (SHORADS) लगाए गए हैं। ये इंतजाम ड्रोन और दूसरे संभावित हवाई खतरों से राष्ट्रपति को बचाने के लिए किए गए हैं। इसके तुरंत बाद हुए इस हादसे से पूरे अमेरिका में हलचल मच गई है।
जानकारी के मुताबिक पाम बीच काउंटी के क्रेस्टहेवन इलाके में 9 लोगों को ले जा रहा 'लियरजेट 60' (Learjet 60) अचानक नीचे आ गिरा। गिरते ही उसमें जोरदार धमाका हुआ और आग लग गई।
राष्ट्रपति ट्रम्प उस दिन खुद मार-ए-लागो में मौजूद थे। हादसे से ठीक एक घंटा पहले, सुबह 11:55 बजे, वे पास के राष्ट्रपति डोनाल्ड जे. ट्रम्प इंटरनेशनल एयरपोर्ट से 'एयर फोर्स वन' में बैठकर रवाना हो गए थे। प्रशासन ने साफ किया है कि विमान हादसे और बढ़ाए गए सुरक्षा इंतजामों के बीच कोई संबंध नहीं है।
फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा और एयर ट्रैफिक कंट्रोल से हुई बातचीत से पता चला है कि हादसे से पहले विमान को बेहद खराब मौसम का सामना करना पड़ा था। तेज हवा के झोंकों (turbulence) और बर्फ जम जाने की वजह से विमान का कंट्रोल बिगड़ गया था। पायलट ने कंट्रोल रूम को बताया था कि तेज झोंकों के कारण विमान करीब 700 फुट ऊपर-नीचे हो रहा है। उन्होंने सुरक्षा के लिहाज से 2,000 फुट और ऊपर जाने की इजाजत मांगी थी।
लेकिन कुछ ही पलों में हालात हाथ से निकल गए और विमान बहुत तेज रफ्तार से नीचे गिरने लगा। पायलट ने 'मेडे, मेडे' (Mayday) कहकर इमरजेंसी मदद मांगी। एयर ट्रैफिक कंट्रोल से आखिरी बातचीत में पायलट ने कहा कि विमान हर मिनट 10,000 फुट की रफ्तार से नीचे आ रहा है और सीधे जमीन से टकराने वाला है। इसके कुछ ही देर बाद विमान क्रैश हो गया।
इस हादसे ने हवाई सफर की सुरक्षा और वीआईपी सुरक्षा का सवाल फिर सामने ला दिया है। अवेंजर मिसाइल सिस्टम एक मोबाइल यानी चलता-फिरता, कम दूरी का हवाई डिफेंस सिस्टम है। वह 360 डिग्री घूम सकता है और स्टिंगर मिसाइलों के जरिए किसी भी हवाई खतरे का सटीक जवाब दे सकता है। फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (FAA) और नेशनल ट्रांसपोर्टेशन सेफ्टी बोर्ड (NTSB) दोनों मिलकर हादसे की गहराई से जांच कर रहे हैं।
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