नागपुर पदवीधर चुनाव: गडकरी के घर भाजपा की बैठक, बागी अनिल सोले से नहीं हो पाया संपर्क
नागपुर विभाग स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की रणनीति पर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के निवास पर भाजपा की कोर कमेटी बैठी। बागी उम्मीदवार अनिल सोले का मोबाइल बंद मिला और नामांकन वापसी का आखिरी दिन आज है।
तस्वीरें सत्यापित नहीं हैं
नागपुर विभाग स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव की रणनीति तय करने के लिए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के निवास पर भाजपा की कोर कमेटी की बैठक हुई। पार्टी के प्रमुख नेता इसमें मौजूद थे। बैठक में भाजपा के बागी उम्मीदवार अनिल सोले के रुख पर विस्तार से बात की गई।
बैठक के दौरान नितिन गडकरी ने अनिल सोले से संपर्क करने के निर्देश दिए। बैठक में बैठे नेताओं ने भी फोन पर सोले तक पहुंचने की कोशिश की, लेकिन उनका मोबाइल बंद था, इसलिए बात नहीं हो सकी। सोले के करीबी लोगों के मोबाइल भी बंद मिले। इससे भाजपा की चिंता बढ़ गई है।
विधान परिषद के नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र चुनाव की लड़ाई की तस्वीर आज साफ होनी है, क्योंकि आज (9 अक्टूबर) नामांकन वापस लेने का आखिरी दिन है। भाजपा के बागी और पूर्व विधायक प्रो. अनिल सोले अपना नामांकन वापस लेते हैं या नहीं, सबकी नजर इसी पर टिकी है। सोले पिछले दो दिनों से संपर्क के बाहर हैं।
जानकारी के मुताबिक भाजपा के सभी वरिष्ठ नेताओं ने उन्हें मनाने के लिए संपर्क करने की कोशिश की। कुछ नेताओं को सोले का फोन बंद मिला। कुछ से बात तो हुई, लेकिन सोले ने अंतिम जवाब नहीं दिया। प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण नागपुर दौरे के समय खुद अनिल सोले के घर गए थे, मगर तब भी सोले उनसे नहीं मिले थे।
इस बीच सोशल मीडिया पर संदेश घूम रहे हैं कि आज शाम पांच बजे अनिल सोले के प्रचार कार्यालय का उद्घाटन होगा। संदेशों में इसे नागपुर के महाल इलाके का कार्यालय बताया गया है। खास बात यह है कि सोले का प्रचार कार्यालय भाजपा के पूर्व विधायक गिरीश व्यास के बडकस चौक वाले कार्यालय में रहेगा। इन संदेशों को देखते हुए फिलहाल तस्वीर यही है कि सोले नाम वापस लेने के मूड में नहीं हैं। अब यह देखना अहम होगा कि भाजपा नेतृत्व सोले की बगावत शांत करा पाता है या नहीं।
भाजपा की परेशानी सिर्फ सोले तक सीमित नहीं है। लोक जागृती मोर्चा के रमण सेनाड ने भी नामांकन दाखिल कर भाजपा का सिरदर्द बढ़ा दिया है।
उधर महाविकास आघाड़ी में भी बगावत की चिंता है। कांग्रेस के अधिकृत उम्मीदवार अभिजीत वंजारी के खिलाफ राष्ट्रवादी शरद पवार पार्टी के नितेश कराळे ने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन भरा है। स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के लिए विधान परिषद के पिछले चुनाव में नितेश कराळे ने अच्छे वोट हासिल किए थे। इसी वजह से उनकी उम्मीदवारी कांग्रेस की चिंता बढ़ाने वाली है।