नागपुर मनपा बनाएगी 'पे एंड पार्क' नीति, खाली जमीन पर पार्किंग की तैयारी
नागपुर महानगरपालिका शहर में बेतरतीब पार्किंग रोकने के लिए स्कूल के मैदानों, खुली जगहों और फ्लाईओवर के नीचे की जगह पर पार्किंग हब बनाने की सोच रही है।
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नागपुर महानगरपालिका (NMC) शहर में 'पे एंड पार्क' की एक पूरी नीति तैयार कर रही है। मकसद है बेतरतीब पार्किंग पर लगाम लगाना, सड़कों की भीड़ घटाना और ट्रैफिक को आसानी से चलने देना। प्लान के मुताबिक मनपा अपनी खाली जमीन, स्कूल खत्म होने के बाद स्कूलों के मैदान, खुले मैदान और फ्लाईओवर के नीचे या आसपास की जगह पर व्यवस्थित पार्किंग हब बनाने पर विचार कर रही है।
इस पहल का इरादा सड़क किनारे वाली आम पार्किंग से आगे जाना है। साथ ही मनपा की मौजूदा संपत्तियों का बेहतर इस्तेमाल करके निगम के लिए कमाई भी पैदा करनी है।
यह कदम डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (ट्रैफिक) के साथ मिलकर किए गए एक शुरुआती संयुक्त सर्वे के बाद उठाया गया है। इस सर्वे में नागपुर के उन इलाकों की पहचान हुई जहां भीड़ ज्यादा रहती है, और उन बड़ी सड़कों की भी जहां गलत ढंग से खड़ी गाड़ियां जाम की वजह बनती हैं।
सर्वे में आसपास की ऐसी सरकारी और मनपा की जगहें भी देखी गईं जिन्हें नियम वाली पार्किंग में बदला जा सकता है। इससे गाड़ियां भीड़ वाली सड़कों से हटकर इन जगहों पर जा सकेंगी।
अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त अंकित ने बताया कि प्रशासन प्रस्तावित ढांचे पर काम कर रहा है। उन्होंने कहा, "हम गाड़ियों की आवाजाही को सुचारु करने और बेतरतीब पार्किंग खत्म करने के लिए एक पूरी पार्किंग नीति बना रहे हैं, जिसकी वजह से अभी मनपा को उसका जायज राजस्व नहीं मिल पा रहा है।"
उन्होंने यह भी कहा कि NMC मनपा के स्कूलों के मैदानों को स्कूल के बाद घेरने, खुले नागरिक मैदानों का इस्तेमाल करने और चौड़ी सड़कों पर तथा फ्लाईओवर के पास एक तरफ की तय पार्किंग जगह बनाने पर विचार कर रही है।
नीति को अंतिम रूप देने से पहले मनपा दूसरे बड़े शहरों में पार्किंग की मांग, गाड़ियों की क्षमता और फीस के ढांचे का अध्ययन कर रही है। संबंधित पक्षों से बातचीत भी तय है।
अंकित के अनुसार प्रस्ताव पर आने वाली आम सभा (GBM) में चर्चा होगी, उसके बाद अमल का ढांचा तय किया जाएगा। मनपा का लक्ष्य राज्य विधानमंडल के शीतकालीन सत्र से पहले अमल शुरू करने का है।
प्रस्तावित व्यवस्था में डिजिटल हिस्सा भी होने की उम्मीद है। योजना के तहत गाड़ी वाले मोबाइल डैशबोर्ड पर घर से निकलने से पहले ही देख सकेंगे कि पार्किंग की जगह खाली है या नहीं। इससे पार्किंग ढूंढने में बेवजह घूमना कम होगा और भीड़ वाले इलाकों में ट्रैफिक संभालना आसान होगा।
मनपा ने साफ किया है कि मौजूदा निजी पार्किंग चलाने वालों पर रोक नहीं लगेगी, बशर्ते वे मनपा के नियम मानें और ट्रैफिक का रास्ता न रोकें।
नीति का मसौदा तैयार हो रहा है और मनपा 2026 के आखिर तक इसे शुरू करना चाहती है। अंतिम समय-सीमा और अमल की बारीकियां नीति की मंजूरी की प्रक्रिया पर निर्भर करेंगी। असरदार ढंग से लागू हुई तो इससे नागपुर में मनपा की कम इस्तेमाल हो रही जमीन का बेहतर उपयोग होगा, पार्किंग में अनुशासन आएगा और निगम को कमाई का एक और जरिया मिलेगा।
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