चंद्रपुर जिले के 3410 किसानों के नाम कर्जमुक्ति की तीसरी सूची में आए
पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होल्कर किसान कर्जमुक्ति योजना 2026 की तीसरी सूची चंद्रपुर जिले को मिली है। किसानों से नाम देखकर आधार प्रमाणीकरण करवाने को कहा गया है।
चंद्रपुर जिले के लिए कर्जमुक्ति की तीसरी सूची आ गई है। पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होळकर किसान कर्जमुक्ति योजना 2026 के तहत जिले के 3410 पात्र किसानों के नाम इसमें शामिल हैं। इनमें से 312 किसान चंद्रपुर जिला मध्यवर्ती सहकारी बैंक के हैं, जबकि बाकी 3098 किसान राष्ट्रीयकृत बैंकों के खाताधारक हैं। राज्य सरकार ने यह सूची 12 अक्टूबर को जारी की।
जिला प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे अपना नाम सूची में देख लें और आधार प्रमाणीकरण पूरा करवा लें। यह जानकारी जिला उपनिबंधक (सहकारी संस्था) जयसिंग ठाकूर ने दी है।
यह योजना महाराष्ट्र सरकार ने 2 जून 2026 के शासन निर्णय के जरिए शुरू की थी। इसमें 1 अप्रैल 2019 से 31 मार्च 2025 के बीच बांटे गए फसल कर्ज आते हैं, जो 30 सितंबर 2025 तक बकाया थे और 31 मार्च 2026 तक चुकाए नहीं गए। पुनर्गठित और दोबारा पुनर्गठित कर्जों को भी इसमें जोड़ा गया है। इन सब पर दो लाख रुपये तक की कर्जमुक्ति का फायदा मिलेगा।
योजना को महाआईटी के जरिए ऑनलाइन कंप्यूटर प्रणाली से चलाया जा रहा है। राज्य के अलग-अलग बैंकों ने कुल 31 लाख 17 हजार बकाया कर्ज खातों की जानकारी योजना के पोर्टल पर अपलोड की है। इसी के आधार पर सूचियां जारी हो रही हैं। पहली सूची 24 जुलाई 2026 को आई थी, जिसमें राज्य के 16 लाख 96 हजार किसान थे। दूसरी सूची 11 सितंबर 2026 को आई, जिसमें 4 लाख 20 हजार किसान शामिल थे। अब 12 अक्टूबर 2026 को तीसरी सूची आई है, जिसमें राज्य के 3 लाख 51 हजार किसानों के नाम हैं।
चंद्रपुर जिले की तीसरी सूची में शामिल 3410 किसानों के नाम संबंधित बैंक शाखा, विविध कार्यकारी सेवा सहकारी संस्था और ग्राम पंचायतों में लगाए जाएंगे। किसानों को वहां जाकर अपना नाम देखना है और 31 मार्च 2026 की कर्ज बकाया रकम की पुष्टि कर लेनी है। इसके बाद नजदीकी आपके सेवा केंद्र पर जाकर आधार प्रमाणीकरण पूरा करना होगा।
सूची के पात्र किसानों को पूरी कर्जमुक्ति का फायदा दिया जाएगा। 1 अप्रैल 2026 के बाद का ब्याज और दूसरे खर्च भी माफ किए जाएंगे। राष्ट्रीयकृत और व्यावसायिक बैंकों के कुछ किसानों का 31 मार्च 2026 का बकाया दो लाख रुपये से ज्यादा है। फिर भी सरकार की 'हेयरकट' नीति के मुताबिक उनके कर्ज खाते शून्य कर दिए जाएंगे।
आधार प्रमाणीकरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पात्र किसानों के कर्ज खाते में कर्जमुक्ति की रकम जमा की जाएगी। इसी वजह से जिला प्रशासन ने तीसरी सूची में शामिल जिले के सभी 3410 किसानों से कहा है कि वे अपना नाम जांच लें और आधार प्रमाणीकरण करवा लें।