राशन दुकानदार की मनमानी के खिलाफ घडोली के गांववाले आक्रामक
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गोंडपिपरी तहसील के घडोली के गांववालों ने दुकानदार शंकर गुलाब कनाके का लाइसेंस हमेशा के लिए रद्द करने की मांग जिला आपूर्ति अधिकारी, चंद्रपुर से की है।
गोंडपिपरी: राशन दुकान से सरकार की तरफ से मिलने वाले सस्ते अनाज का नियमित और ठीक तरह से बंटवारा न होने का आरोप लगाते हुए घडोली के गांववालों ने दुकानदार के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाया है। राशन बंटवारे में कथित गड़बड़ी और लाभार्थियों की परेशानी को गंभीरता से लेकर दुकानदार शंकर गुलाब कनाके का लाइसेंस हमेशा के लिए रद्द करने की मांग जिला आपूर्ति अधिकारी, चंद्रपुर से निवेदन देकर की गई है।
निवेदन की जानकारी के मुताबिक, गांववालों का आरोप है कि यह दुकानदार कई सालों से सरकारी नियमों के हिसाब से अनाज नहीं बांट रहा। शिकायतें हैं कि दुकान में अनाज नहीं है ऐसा बताया जाता है, लाभार्थियों को बार-बार चक्कर लगवाए जाते हैं और अनाज बंटवारे के बारे में तसल्ली देने वाला जवाब नहीं मिलता।
निवेदन में लिखा है कि इससे खासकर महिला और पुरुष लाभार्थियों को मानसिक तकलीफ झेलनी पड़ रही है। गांववालों का दावा है कि पिछले 15 से 16 सालों में सरकार के अलग-अलग स्तरों पर चार से पांच बार शिकायत करने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
अप्रैल 2026 में भी लाभार्थियों को अनाज बांटे बिना उसे आपस में ठिकाने लगा देने का गंभीर आरोप निवेदन में है। इस मामले में 13 अक्टूबर 2026 को गोंडपिपरी के तहसील कार्यालय में भी निवेदन देकर शिकायत की गई थी।
गांववालों की मांग है कि प्रशासन जांच करके कार्रवाई करे। राशन बंटवारा गरीब और जरूरतमंद परिवारों की अन्न सुरक्षा से जुड़ा अहम विषय है, इसलिए सिर्फ कागजों पर नहीं, मौके पर जाकर जांच हो। अनाज बंटवारे के रिकॉर्ड, ई-पॉस प्रणाली के लेनदेन और लाभार्थियों की शिकायतों की पड़ताल कर दोषी पाए जाने पर दुकानदार का लाइसेंस हमेशा के लिए रद्द किया जाए।
अब गांववालों की नजर इस पर है कि जिला आपूर्ति विभाग इस शिकायत को कितनी गंभीरता से लेता है और जांच के बाद क्या कार्रवाई करता है।
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