जपान में एशियन पैरा गेम्स 2026 शुरू, भगत और सिमरन शर्मा भारत के ध्वजवाहक
जपान के आयची-नागोया में एशियन पैरा गेम्स 2026 की पांचवीं आवृत्ति का रविवार को उद्घाटन हुआ। 45 देशों के करीब 3 हजार खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं।
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जपान में एशियन पैरा गेम्स 2026 (Asian Para Games 2026) की पांचवीं आवृत्ति रविवार को धूमधाम से शुरू हो गई। जपान के सम्राट नारुहितो ने स्पर्धा के आधिकारिक आगाज का ऐलान किया।
उद्घाटन समारोह आयची-नागोया के मिजुहो पार्क एथलेटिक स्टेडियम में हुआ। इसी के साथ एशिया की इस खेल स्पर्धा की शुरुआत हो गई। यह स्पर्धा 24 अक्टूबर तक चलेगी और इसमें 45 देशों के करीब 3 हजार खिलाड़ी उतरे हैं। स्पर्धा का ब्रीदवाक्य है 'इमॅजिन वन हार्ट', यानी 'एक दिल की कल्पना करो'।
समारोह रविवार को हुआ, लेकिन कुछ खेलों के मुकाबले इससे पहले ही शुरू हो चुके थे। शुक्रवार को जपान ने व्हीलचेयर बास्केटबॉल की प्राथमिक फेरी में पुरुष और महिला, दोनों वर्गों के मैच जीते। शनिवार को भारत की पुरुष और महिला गोलबॉल टीमों ने जीत दर्ज की। पुरुष टीम ने कतार को हराया और महिला टीम ने थाईलैंड को।
उद्घाटन समारोह की 'परेड ऑफ नेशन्स' में भारतीय दल ने सबका ध्यान खींचा। पैरा-बैडमिंटन खिलाड़ी प्रमोद भगत और पैरा-एथलीट सिमरन शर्मा ने ध्वजवाहक के तौर पर तिरंगा थामकर भारतीय दल की अगुवाई की। यह समारोह नागोया के पालोमा मिजुहो स्टेडियम में हुआ।
भारतीय दल की पोशाक भी चर्चा में रही। खिलाड़ियों और दल के सदस्यों ने गहरे नीले रंग के ब्लेजर पहने थे। इन पर सिंधु सभ्यता से प्रेरित सुनहरी कढ़ाई थी। इसमें मशहूर मूर्ति 'प्रिस्ट-किंग', 'डान्सिंग गर्ल' की मूर्ति और प्राचीन मुद्राओं की झलक थी। ब्लेजर की जेब के पास तिरंगा बना था और कॉलर पर 'सप्तसिंधु' का जिक्र किया गया था।
इस स्पर्धा के लिए भारतीय दल में कुल 281 सदस्य हैं। इनमें 168 खिलाड़ी हैं, जिनमें 112 पुरुष और 56 महिलाएं हैं। ये खिलाड़ी 11 अलग-अलग खेलों में भारत की नुमाइंदगी करेंगे। पिछली स्पर्धा से बेहतर प्रदर्शन करना और अलग-अलग पैरा खेलों में पदक जीतना भारतीय खिलाड़ियों का लक्ष्य रहेगा।
उद्घाटन से ठीक पहले भारत के ध्वजवाहकों में बदलाव हुआ। पहले प्रमोद भगत और पैरा-टेबल टेनिस खिलाड़ी भाविना पटेल को ध्वजवाहक चुना गया था। लेकिन भाविना पटेल का क्वार्टर फाइनल मैच 19 अक्टूबर को है। इसे देखते हुए उन्हें आराम देने के लिए उनकी जगह सिमरन शर्मा को चुना गया।
एशियन पैरा गेम्स के जरिए एशिया के पैरा खिलाड़ियों को अपना हुनर दिखाने का मौका मिलेगा। खेल प्रेमियों की नजर अब भारतीय खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर टिकी है।