सोम‌वार, 26 अक्टूबर 2026

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अकोला में प्रकल्प, दफ्तर वाशिम में; किसानों के सामने मुसीबतों की कड़ी

महत्त्वाकांक्षी वैनगंगा-नळगंगा नदीजोड़ परियोजना के तहत अकोला जिले के बार्शिटाकळी और पातूर तहसील में दो बांध प्रस्तावित हैं, लेकिन इनके दफ्तर वाशिम जिले में रखे गए हैं।

अकोला में प्रकल्प, दफ्तर वाशिम में; किसानों के सामने मुसीबतों की कड़ी तस्वीरें सत्यापित नहीं हैं

महत्त्वाकांक्षी वैनगंगा-नलगंगा नदीजोड़ परियोजना में अकोला जिले के बार्शीटाकली और पातूर तहसील में दो बांध प्रस्तावित हैं। इन बांधों के लिए जमीन की नपाई का काम इन दिनों शुरू हो चुका है। लेकिन हैरानी की बात यह है कि इन दोनों बांधों के दफ्तर वाशिम जिले में रखे गए हैं, जबकि बार्शीटाकली और पातूर, दोनों तहसीलें अकोला जिले में ही आती हैं।

इन दोनों तहसीलों के किसानों के लिए जिला मुख्यालय यानी अकोला काफी नजदीक है। इसके बावजूद सिंचाई विभाग ने दोनों तहसीलों के बांधों का दफ्तर वाशिम जिले के कारंजा (लाड) डिवीजन से जोड़ दिया है। यानी जो शहर किसानों के पास है, उसे छोड़कर उन्हें दूसरे जिले के डिवीजन से जुड़ना पड़ेगा।

इस वजह से इन किसानों को भूमि अधिग्रहण से जुड़ी दिक्कतों और दूसरे कामों के लिए वक्त, पैसा और मेहनत खर्च करनी पड़ेगी। नतीजा यह कि दोनों तहसीलों के किसानों के सामने मुसीबतों की एक कड़ी खड़ी हो गई है।

नदीजोड़ परियोजना से अकोला जिले को 282.34 दस लाख घन मीटर पानी मिलेगा। इस पानी को रोकने के लिए बांध बनाना जरूरी है। फिलहाल जिले में काटेपूर्णा परियोजना जितनी बड़ी परियोजना बनाने की जगह नहीं है। हां, काटेपूर्णा से कम भंडारण वाली परियोजनाएं बनाई जा सकती हैं। इसीलिए जिले में चार बांध प्रस्तावित किए गए हैं।

इनमें सिसा उदेगाव, लोअर काटेपूर्णा, येलवण और चिखलगाव के बांध शामिल हैं। इन बांधों में 207 दस लाख घन मीटर पानी रोका जा सकेगा। बाकी पानी तीन लघु परियोजनाओं की भंडारण क्षमता बढ़ाकर रोका जाएगा।

पीने के पानी और सिंचाई के बड़े सवाल इस परियोजना से हल होंगे। वैनगंगा-नलगंगा नदीजोड़ परियोजना नागपुर, वर्धा, अमरावती, यवतमाल, अकोला, वाशीम और बुलढाणा जैसे जिलों के लिए वरदान साबित होगी। इससे तीन लाख 71 हजार हेक्टर क्षेत्र सिंचाई के दायरे में आएगा।

इस नदीजोड़ परियोजना की नहर से सौर ऊर्जा भी बनाई जाएगी। इसी सिलसिले में वैनगंगा से नलगंगा तक की 426 किमी लंबी कैनाल का सर्वे पूरा हो चुका है। परियोजना में वाशीम जिले और पैनगंगा परियोजना को भी शामिल किया गया है।

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