'मैं नागपुर का भाई' का साथी गिरफ्तार
जाटतरोडी में की थी फायरिंग, पिस्तौल भी बरामद, सूत्रधार मृणाल गजभिये फरार
नागपुर.
'मैं नागपुर का भाई' बोलते हुए हवा में पिस्तौल लहराते हुए फायरिंग करनेवाले सीताबर्डी के कुख्यात अपराधी मृणाल गजभिये के साथू निखिल सावडिया को इमामवाड़ा पुलिस ने गिरफ्तार किया है. पटवर्धन मैदान, टेकड़ी मार्ग निवासी निखिल से पिस्तल भी बरामद की गई है. मृणाल के फरार होने से वारदात की सच्चाई पता नहीं चल पा रही है. फायरिंग की यह वारदात 4 अक्तूबर की रात इमामवाड़ा थाने के तहत जाटतरोडी में हुई थी. अमेय धुर्वे अपने दोस्तों के साथ जाटतरोडी में शितलामाता मंदिर के पास बैठा था. तभी मृणाल अपने साथी तक्कू के साथ कार में सवार होकर वहां आया था. अमेय और उसके साथियों को गालियां देने लगा. मृणाल ने हुए विवाद के दौरान 'मैं नागपुर का भाई' बोलते पिस्तौल से फायर कर दिया था. इस वारदात से बस्ती में दहशत निर्माण हो गई थी. इतनी बड़ी वारदात होने के बाद भी पुलिस ने कोई मामला दर्ज नहीं किया. इस घटना का पता चलने पर 8 अक्तूबर को क्राईम ब्रांच ने हरकत में आकर कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया. इसके बाद इमामवाड़ा पुलिस ने मामला दर्ज किया था. इमामवाड़ा पुलिस को वारदात में लिप्त निखिल सावडिया के हुड़केश्वर आउटर रिंग पर दिखाई देने का पता चला. पुलिस ने दबिस देकर उसे पकड़ लिया. निखिल भी पेशवर अपराधी है. बताया जाता है कि वारदात के वक्त मृणाल और उसके साथियों के पास दो से अधिक पिस्तौल थी. मृणाल अपने बचपन के मित्र से भेंट करने के बहाने जटातरोडी में बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए आया था. मृणाल पहले भी फायरिंग के मामलों में लिप्त रहा है. उसके खिलाफ मकोका तथा एमपीडीए की कार्रवाई भी की गई है. इसके बावजूद उसका पिस्तौल लेकर शहर में घूमना बेहद गंभीर है.