घर की दावतों में रेस्टोरेंट का प्रीमियम खाना मंगाने का चलन बढ़ा
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परिवार और दोस्तों की मेहमाननवाज़ी के लिए लोग अब प्रीमियम रेस्टोरेंट्स से खाना मंगा रहे हैं। रेडसीर की रिपोर्ट में ऑनलाइन डिलिवरी का हिस्सा 11 प्रतिशत बताया गया है।
रेस्टोरेंट से खाना मंगाना अब सिर्फ सहूलियत की बात नहीं रह गई है। घर में परिवार का कोई प्रोग्राम हो या दोस्तों को बुलाया हो, तो लोग प्रीमियम रेस्टोरेंट्स का खाना मंगाना पसंद कर रहे हैं।
रेडसीर की 'स्टेट ऑफ इंडियाज फूडसर्विसेस मार्केट 2026' रिपोर्ट के मुताबिक देश के फूड सर्विस बाजार में ऑनलाइन डिलिवरी का हिस्सा फिलहाल 11 प्रतिशत है। रिपोर्ट में अंदाजा लगाया गया है कि अगले पांच साल में यह हिस्सा 20 प्रतिशत तक पहुंच सकता है।
इस बदलते चलन को देखते हुए बेलोना हॉस्पिटैलिटी के मैनेजिंग डायरेक्टर और 'ईशारा' (Ishara) के फाउंडर प्रशांत इस्सर का कहना है कि रेस्टोरेंट्स को डिलिवरी को सिर्फ बिक्री का जरिया नहीं समझना चाहिए। उनके मुताबिक इसे अपनी मेहमाननवाज़ी (Hospitality) का ही फैलाव मानना चाहिए।
ग्राहकों की बदलती सोच पर बात करते हुए इस्सर ने कहा कि जब कोई परिवार या दोस्तों के साथ डिनर के लिए कई डिशेज ऑर्डर करता है, तो वह सिर्फ खाना नहीं मंगा रहा होता, वह मेजबानी कर रहा होता है। उस शाम के लिए उसने हमारा किचन उधार ले रखा होता है। इसलिए खाना वक्त पर पहुंचने के साथ यह भी बहुत जरूरी है कि जिस रेस्टोरेंट से वह आया है, उसकी मेहमाननवाज़ी का असली अनुभव घर पर भी बना रहे।
प्रीमियम रेस्टोरेंट्स अब इसी हिसाब से डिलिवरी के लिए खास मेन्यू बना रहे हैं। वे यह सोचकर तैयारी कर रहे हैं कि खाना सफर करके ग्राहक तक पहुंचेगा। रोटी और नान का कुरकुरापन बना रहे, डंपलिंग्स सुरक्षित तरीके से संभाले जाएं या सॉस अलग पैक किया जाए, ऐसे कई स्तरों पर बदलाव किए जा रहे हैं।
ऐसे बड़े ऑर्डर्स में ग्राहक बहुत तेज डिलिवरी से ज्यादा इस बात को अहमियत दे रहे हैं कि खाना तय वक्त पर और अच्छी हालत में पहुंचे।
इस्सर ने आगे कहा, "पहले हम अपने रेस्टोरेंट के दरवाजे पर खड़े होकर मेहमानों का स्वागत करते थे। अब वह दरवाजा शहर के दूसरे छोर पर किसी का घर भी हो सकता है। वहां जो पहुंचे, उसमें हमारी पहचान और क्वालिटी साफ दिखे, यह पक्का करना हमारा लक्ष्य है। ग्राहक रेस्टोरेंट में डाइन-इन करे या घर पर मंगाए, उसे दोनों जगह एक जैसा बेहतरीन अनुभव देना ही प्रीमियम रेस्टोरेंट्स के सामने बड़ा मौका है।"
कुल मिलाकर, घर के खास मौकों पर रेस्टोरेंट का खाना मंगाने का रुझान बढ़ रहा है और रेस्टोरेंट्स भी अपना मेन्यू और पैकिंग इसी हिसाब से ढाल रहे हैं।
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