सोम‌वार, 26 अक्टूबर 2026

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फोर्स मोटर्स ने पुरानी गाड़ियों की स्क्रैपिंग के लिए रोझमर्टा से हाथ मिलाया

फोर्स मोटर्स लिमिटेड ने पुरानी और इस्तेमाल की मियाद पूरी कर चुकी गाड़ियों की अधिकृत स्क्रैपिंग के लिए रोझमर्टा ऑटो रिसायकलिंग प्राइवेट लिमिटेड के साथ साझेदारी की है।

फोर्स मोटर्स ने पुरानी गाड़ियों की स्क्रैपिंग के लिए रोझमर्टा से हाथ मिलाया तस्वीरें सत्यापित नहीं हैं

भारत की सबसे बड़ी वैन बनाने वाली और अग्रणी ऑटोमोबाइल कंपनी फोर्स मोटर्स लिमिटेड ने एक खास पहल का ऐलान किया है। इसका मकसद पुरानी और इस्तेमाल की मियाद पूरी कर चुकी गाड़ियों को सही तरीके से स्क्रैप करना और रिसायकलिंग को बढ़ावा देना है। इस पहल के तहत कंपनी अपने ग्राहकों को अधिकृत व्हेईकल स्क्रैपिंग सेंटरों से जोड़ने में मदद करेगी।

इसके लिए फोर्स मोटर्स ने 'रोझमर्टा ऑटो रिसायकलिंग प्राइवेट लिमिटेड' के साथ साझेदारी की है। यह पहल दिल्ली-एनसीआर से शुरू होगी और ग्राहकों के लिए अधिकृत स्क्रैपेज की सुविधा को बेहद आसान और पारदर्शी बनाएगी। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के साथ 'कमर्शियल व्हेईकल रिप्लेसमेंट स्कीम' को सहारा देने के लिए हुए समझौते के तहत फोर्स मोटर्स ने अपनी यह प्रतिबद्धता और पक्की की है।

इस व्यवस्था में पात्र फोर्स मोटर्स ग्राहक रोझमर्टा की अधिकृत 'रजिस्टर्ड व्हेईकल स्क्रैपिंग फैसिलिटी' का फायदा ले सकेंगे। वहां गाड़ी के जरूरी कागजात की औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी। गाड़ी में मौजूद प्रदूषक घटकों को सुरक्षित तरीके से निकाला जाएगा, पुर्जे अलग किए जाएंगे और दोबारा इस्तेमाल लायक सामग्री जमा करके रिसायकल की जाएगी। नियमों के मुताबिक ग्राहकों को अधिकृत 'सर्टिफिकेट ऑफ डिपॉझिट' के साथ स्क्रैपेज के सारे जरूरी कागजात भी दिए जाएंगे।

फोर्स मोटर्स लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर प्रसन फिरोदिया ने कहा, "एक जिम्मेदार वाहन निर्माता के तौर पर हमारा पक्का मानना है कि हमारी भूमिका सिर्फ गाड़ियां बनाने और बेचने तक सीमित नहीं है। काम की उम्र खत्म होने के बाद गाड़ी का निपटारा कैसे होता है, यह भी उतना ही अहम है। इस पहल के जरिए हम ग्राहकों के लिए अधिकृत निपटारे का रास्ता आसान करना चाहते हैं। संसाधनों की कार्यक्षमता बढ़ाने और गाड़ी के पूरे जीवनचक्र में ज्यादा जिम्मेदार तरीकों को बढ़ावा देने के लिए यह एक और व्यावहारिक कदम है।"

दिल्ली-एनसीआर में कामयाब अमल के बाद कंपनी देश के दूसरे हिस्सों में भी ऐसे ही सहयोग के विकल्प तलाशेगी। इसका मकसद यह है कि पूरे देश में पुरानी गाड़ियों का सुरक्षित निपटारा हो सके और कीमती घटकों का दोबारा इस्तेमाल मुमकिन हो।

कंपनी के मुताबिक इस पहल का दायरा फिलहाल दिल्ली-एनसीआर तक है, जहां ग्राहकों को अधिकृत स्क्रैपिंग की सुविधा और जरूरी कागजात के लिए मदद मिलेगी।

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