MMRDA के 554 सुरक्षा गार्डों को बकाया तनख्वाह और दिवाली बोनस, सरनाईक के दखल के बाद निर्देश
मेट्रो और मोनोरेल स्टेशनों पर काम कर रहे कंत्राटी गार्डों को हटाए जाने के मामले में परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने दखल दिया है।
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भाईंदर: मुंबई महानगर प्रदेश विकास प्राधिकरण (MMRDA) के मेट्रो और मोनोरेल स्टेशनों पर ठेके पर काम करने वाले 554 सुरक्षा गार्डों को काम से हटाने के मामले में परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने दखल दिया है। बताया गया है कि उनके सख्त रुख के बाद इन गार्डों को वापस काम पर लेने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही दो महीने की बकाया तनख्वाह, काम से दूर रखे गए 7 से 8 दिनों का वेतन और दिवाली बोनस देने के निर्देश भी दिए गए हैं।
मुंबई मेट्रो की लाइन 7, 2A, 9 और 2B के साथ मुंबई मोनोरेल के 51 स्टेशनों पर करीब 554 सुरक्षा गार्ड तैनात हैं। आरोप है कि संबंधित ठेकेदार ने 1 अक्टूबर 2026 से कोई कानूनी नोटिस दिए बिना सिर्फ व्हॉट्सऐप मैसेज के जरिए इन कर्मचारियों को काम से हटा दिया। इससे कई कर्मचारियों के परिवारों पर आर्थिक संकट आ गया था। अन्याय के शिकार SISPL के सुरक्षा गार्डों ने मंत्री प्रताप सरनाईक के पास जाकर मदद मांगी।
कर्मचारियों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए सरनाईक ने MMRDA के महानगर आयुक्त डॉ. संजय मुखर्जी से संपर्क किया और इस मामले में फौरन कार्रवाई की मांग की। उन्होंने साफ रुख लिया कि किसी भी कर्मचारी के साथ अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बताया गया है कि सभी 554 सुरक्षा गार्डों को दोबारा काम पर लेने, बकाया वेतन चुकाने और दिवाली बोनस देने के बारे में उन्होंने निर्देश दिए।
इस मामले में शिवसेना के पदाधिकारियों ने भी कर्मचारियों के पक्ष में पैरवी की। इनमें शिवसेना की महिला जिला संगठक निशा नार्वेकर, भाईंदर पूर्व शहर समन्वयक मनोज राणे और मीरा रोड के शहर प्रमुख संतोष गोले शामिल हैं।
मंत्री सरनाईक ने कहा, "कर्मचारियों के हक का हनन और ठेकेदारों की दादागिरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कर्मचारियों का हक और सम्मान बचाने के लिए हम हमेशा तैयार हैं।" बताया जा रहा है कि इस दखल से सुरक्षा गार्डों को राहत मिली है।