दशहरा और विजयादशमी पर अपनों को भेजने के लिए मराठी शुभकामना संदेश
दशहरे यानी विजयादशमी पर दोस्तों, रिश्तेदारों और घरवालों को भेजने के लिए मराठी कविताओं, संदेशों, विचारों और स्टेटस का संग्रह।
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दशहरा, जिसे विजयादशमी भी कहा जाता है, जीत का उत्सव है और रिश्तों में प्यार को और मजबूत करने का मौका भी। इस त्योहार को बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है। इस दिन प्रभु श्रीराम के हाथों रावण की हार और देवी दुर्गा के हाथों महिषासुर के वध की जीत की कहानियां याद की जाती हैं।
महाराष्ट्र में इस दिन आपटे के पत्ते सोना मानकर बांटने की परंपरा है। साथ ही नए काम की शुरुआत के लिए भी यह दिन शुभ माना जाता है। जो लोग अपने दोस्तों, रिश्तेदारों और अपनों को दशहरे की खास शुभकामनाएं भेजना चाहते हैं, उनके लिए यहां 45 से ज्यादा मराठी संदेश इकट्ठा किए गए हैं। इनमें कविताएं, दिल को छूने वाले संदेश, प्रेरणा देने वाले विचार और व्हाट्सऐप स्टेटस शामिल हैं।
पहली कविता में दशहरे को जीत का त्योहार बताया गया है। साढ़े तीन मुहूर्तों में से एक इस दिन को पराक्रम और पौरुष का दिन कहा गया है, जब देवी ने असुर का वध किया। एक और कविता कहती है कि बुराई पर अच्छाई की जीत ही इस दिन की खासियत है। उसमें द्वेष और जलन की केंचुली जलाकर मन में प्यार की चाह बसाने की बात है।
कुछ कविताएं घर और आंगन की सजावट से जुड़ी हैं। उनमें दरवाजे पर खुशियों के तोरण बांधने और आंगन को रंगोली से सजाने की बात है। एक कविता में आम के पत्तों के तोरण लगाने के साथ यह कामना है कि आपकी जिंदगी में सोने जैसी चमक आए और सारी इच्छाएं पूरी हों। एक और कविता सोना लूटने के दिन का जिक्र करती है। उसमें पुराना और नया भूलकर सिर्फ खुशियां बांटने और दिलों के रिश्ते संभालने की बात कही गई है।
सोने पर टिकी कुछ पंक्तियां भी हैं, जैसे सोने जैसा दिन, सोने जैसा पर्व, सोने जैसा पल और सोने जैसी याद। यह शुभकामना सोने जैसे लोगों के नाम है। एक रचना में कहा गया है कि आपटे के पत्तों का लेन-देन होता है और प्यार की नमी दान की जाती है। एक पंक्ति में कहने वाला कहता है कि वह सोना बांटने जितना अमीर नहीं है, लेकिन किस्मत से उसे सोने जैसे लोग मिले हैं, और वह चाहता है कि वे हमेशा ऐसे ही रहें।
सीधे संदेशों में कामना की गई है कि विजयादशमी के मौके पर परिवार को सुख, शांति, आनंद और समृद्धि मिले। एक संदेश में प्रभु श्रीराम और देवी दुर्गा से अच्छी सेहत, धन, शांति और खुशहाली का आशीर्वाद मांगा गया है, साथ ही हर मुश्किल पर जीत पाने की ताकत की कामना भी है। दूसरे संदेशों में देवी दुर्गा की कृपा हमेशा बने रहने और हर सपने के सच होने की बात है।
प्रेरणा वाले विचारों में मन के नकारात्मक खयाल दूर करने और अपने भीतर की अच्छाई बढ़ाने का संकल्प है। एक विचार में सच्चाई के रास्ते पर चलने की प्रेरणा मिलने की कामना है और अंत में जय श्रीराम लिखा गया है। दूसरे में हर रुकावट पर काबू पाकर कामयाबी की नई ऊंचाइयों तक पहुंचने की बात है।
व्हाट्सऐप और फेसबुक के स्टेटस में श्रीराम की रावण पर जीत और देवी दुर्गा की महिषासुर पर जीत का जश्न मनाने की बात है। उनमें बुरे विचार छोड़कर प्रेम, शांति और भलाई का रास्ता अपनाने का संदेश है।
संग्रह के आखिर में कहा गया है कि दशहरा सिर्फ एक त्योहार नहीं है। यह सच, सदाचार और अच्छाई की जीत की याद दिलाने वाला दिन है। इस दिन मन से द्वेष, जलन और नकारात्मक सोच निकालकर रिश्तों में प्यार और भरोसा बढ़ाने का संकल्प लिया जाता है। आपटे के पत्ते सोना मानकर बांटने के पीछे खुशी और समृद्धि बांटने की भावना है। इसलिए इस विजयादशमी पर अपनों को शुभकामनाएं भेजने, उनसे प्यार का रिश्ता निभाने और खुशियां साझा करने की बात कही गई है।