चंद्रपुर की आदिवासी खेल स्पर्धा: बोर्डा केंद्र ने जीता खिताब, देवाडा दूसरे स्थान पर
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एकात्मिक आदिवासी विकास परियोजना, चंद्रपुर की परियोजना स्तर की स्पर्धा में चार केंद्रों के 1058 खिलाड़ी उतरे। बोर्डा केंद्र को ओवरऑल चैंपियन का खिताब मिला और देवाडा केंद्र उपविजेता रहा।
चंद्रपुर में एकीकृत आदिवासी विकास परियोजना की तरफ से करवाई गई परियोजना स्तरीय खेल स्पर्धा में बोर्डा केंद्र ने समग्र महाविजेता का खिताब अपने नाम किया। देवाडा केंद्र को उपविजेता का खिताब मिला। स्पर्धा बड़े जोश के साथ पूरी हुई।
इस स्पर्धा में देवाडा, जिवती, देवई और बोर्डा, इन चार केंद्रों के कुल 1058 खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। अलग-अलग खेलों में सभी ने पूरे उत्साह से अपनी हिस्सेदारी दर्ज कराई।
मुकाबले सरकारी माध्यमिक कन्या आश्रम स्कूल, बोर्डा (तहसील व जिला चंद्रपुर) में 2 से 4 नवंबर 2026 के बीच हुए। 4 नवंबर को इनाम बांटने का समारोह रखा गया, जिसकी अध्यक्षता परियोजना अधिकारी विकास राचलेवार ने की।
समारोह में सहायक परियोजना अधिकारी राजीव बोंगीरवार, सुधाकर गौरकर और युवराज चव्हाण प्रमुख मेहमान के तौर पर मौजूद थे। उनके साथ प्रधानाध्यापक अनिल बुट्टे, रामदास खवशी, राजपुरोहित और खेल समन्वयक सुरेश श्रीरामे भी हाजिर रहे।
बच्चों से बात करते हुए परियोजना अधिकारी विकास राचलेवार ने कहा कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में खेलों की बड़ी अहमियत है। उनके मुताबिक पढ़ाई के साथ खेल, कला और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी विद्यार्थियों के व्यक्तित्व के विकास के लिए बेहद जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि खेलों से अनुशासन, टीमभावना, जिद, आत्मविश्वास और नेतृत्व के गुण बढ़ते हैं।
राचलेवार ने विद्यार्थियों से अपील की कि वे पढ़ाई के साथ खेल के मैदान में भी अपनी काबिलियत साबित करें और विभागीय तथा राज्य स्तर पर शानदार कामयाबी हासिल करें। मौजूद मेहमानों ने भी विजेता खिलाड़ियों को बधाई दी और आगे की स्पर्धाओं के लिए शुभकामनाएं दीं।
स्पर्धा में टीम वाले खेलों में कबड्डी, खो-खो, वॉलीबॉल, हैंडबॉल और 4 बाय 100 व 4 बाय 400 मीटर रिले शामिल थे। अकेले खिलाड़ी के खेलों में 100, 200, 400, 600, 800, 1500, 3000 और 5000 मीटर दौड़, ऊंची कूद, लंबी कूद, गोला फेंक, थाली फेंक और भाला फेंक रखे गए थे। इसके साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम भी हुए। खिलाड़ियों ने खेल का हुनर, जिद और टीमभावना अच्छे से दिखाई।
पूरी स्पर्धा में सबके मिले-जुले प्रदर्शन के आधार पर बोर्डा केंद्र को समग्र महाविजेता का खिताब और देवाडा केंद्र को उपविजेता का खिताब दिया गया। जीतने वाले खिलाड़ियों को मेहमानों के हाथों इनाम देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का संचालन विभागीय उपसमन्वयक उमेश कडू और अनुराधा लाड ने किया, जबकि प्रीती कुत्तरमारे ने आभार माना। स्पर्धा को कामयाब बनाने में एकीकृत आदिवासी विकास परियोजना कार्यालय के अधिकारी और कर्मचारी, सरकारी और अनुदान प्राप्त आश्रम स्कूलों के प्रधानाध्यापक, खेल समन्वयक, खेल शिक्षक, सहायक शिक्षक, अधीक्षक, अधीक्षिका, कला और कंप्यूटर शिक्षक, परिचारिका और गैर-शिक्षक कर्मचारियों ने खास मेहनत की।
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