मंगलवार, 6 अक्टूबर 2026

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21:06 IST

वसई में 8 साल की बच्ची की मौत, कथित बोगस डॉक्टर पर वालीव पुलिस में केस दर्ज

उल्टियों के इलाज के लिए क्लिनिक ले जाई गई आठ साल की बच्ची की मौत हो गई। रिश्तेदारों के आरोप पर महापालिका की शिकायत से वालीव पुलिस ने केस दर्ज किया है।

वसई में 8 साल की बच्ची की मौत, कथित बोगस डॉक्टर पर वालीव पुलिस में केस दर्ज
एआई से बनाई गई प्रतीकात्मक तस्वीर; यह घटना का वास्तविक फोटो नहीं है | PT24

वसई पूर्व के भोयदापाडा इलाके में आठ साल की एक बच्ची की इलाज के बाद मौत हो गई। उसे उल्टियों की तकलीफ थी और इसी वजह से क्लिनिक ले जाया गया था। रिश्तेदारों का आरोप है कि कथित बोगस डॉक्टर की दी हुई गोलियों और दो इंजेक्शन के बाद बच्ची की नाक और मुंह से खून बहने लगा और फिर उसकी जान चली गई।

मिली जानकारी के मुताबिक, बच्ची 28 सितंबर की रात करीब साढ़े आठ बजे उल्टियां करने लगी थी। उसकी हालत देखकर मां उसे राजावली पालनगर के 'राहुल क्लिनिक' ले गईं। वहां धूपचंद निषाद (42) ने बच्ची को देखा और कुछ गोलियां दीं। रिश्तेदारों का कहना है कि उसने दो इंजेक्शन भी लगाए।

अगले दिन सुबह मां ने बच्ची को चाय और टोस्ट दिया। इसके कुछ ही देर बाद उसकी नाक और मुंह से अचानक खून आने लगा। तबीयत बिगड़ी और थोड़ी देर में उसकी मौत हो गई। इसके बाद रिश्तेदारों ने इलाज को लेकर गंभीर आरोप लगाए। पुलिस ने बताया कि मौत की सही मेडिकल वजह अभी साफ नहीं है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही इस बारे में कुछ कहा जा सकेगा।

घटना के बाद महापालिका के हेल्थ डिपार्टमेंट ने उस क्लिनिक की जांच की। महापालिका की मुख्य मेडिकल ऑफिसर डॉ. भक्ती चौधरी की जानकारी के मुताबिक, धूपचंद निषाद खुद को 'इलेक्ट्रो होमिओपॅथी' की डिग्री वाला बताता था। लेकिन जांच में सामने आया कि उसके पास महाराष्ट्र मेडिकल काउंसिल (MMC) से मान्यता प्राप्त कोई मेडिकल डिग्री नहीं है। इसके बावजूद उस पर आरोप है कि वह एलोपैथी की दवाएं और इंजेक्शन देता था।

महापालिका के मेडिकल ऑफिसर डॉ. श्रीनिवासराव दुधमल ने इस मामले में पुलिस में शिकायत दी। उसी के आधार पर वालीव पुलिस ने डॉक्टर के खिलाफ केस दर्ज किया है।

वालीव पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस इंस्पेक्टर प्रदीप केरेकर ने बताया कि संबंधित डॉक्टर के खिलाफ केस दर्ज हो चुका है। बच्ची की पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर मौत की सही वजह का पता चलेगा और उसी के हिसाब से आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

इस बीच आरोपी धूपचंद निषाद ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया है। उसका दावा है कि रिश्तेदारों के आरोप झूठे हैं। अब जांच से ही साफ होगा कि बच्ची की मौत की असल मेडिकल वजह क्या थी और इलाज की इसमें क्या भूमिका रही।

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