मंगलवार, 6 अक्टूबर 2026

अभी सब्सक्राइब करें
प्राइम अलर्ट
सारे लाइव अपडेट
18:20 IST

सावली तालुका में बाघ के हमले में किसान की मौत, जिले में इस साल ३१वीं घटना

सामदा बुज इलाके में भैंस चराने गए किसान पर बाघ ने हमला किया, ग्रामीणों ने वनविभाग से तुरंत मदद और सुरक्षा की मांग की।

सावली तालुका में बाघ के हमले में किसान की मौत, जिले में इस साल ३१वीं घटना
एआई से बनाई गई प्रतीकात्मक तस्वीर; यह घटना का वास्तविक फोटो नहीं है | PT24

चंद्रपुर जिले के सावली तालुका में बाघ के हमले में एक किसान की मौत हुई है। यह घटना सामदा बुज इलाके में २१ सितंबर की शाम को हुई। हेमंत अशोक भुरसे नाम के इस किसान पर जंगल में अचानक बाघ ने हमला किया और वह मौके पर ही मारे गए। इलाके में इंसान और जंगली जानवरों के बीच बढ़ते टकराव में यह मौत ३१वीं घटना है, और इससे पूरे तालुका में गम और गुस्सा फैल गया है।

मिली जानकारी के अनुसार हेमंत भुरसे रोज की तरह दोपहर को अपनी भैंसें लेकर गांव के पास के जंगल में गए थे। लेकिन शाम ढल जाने के बाद भी वह घर नहीं लौटे। इससे परिवार वाले और गांव के लोग चिंता में पड़ गए और जंगल में उनकी तलाश शुरू की। इस तलाशी अभियान के दौरान हेमंत का शव खून से लथपथ हालत में जंगल में मिला। शरीर पर गंभीर जख्मों को देखकर शुरुआती तौर पर यह माना जा रहा है कि उनकी मौत बाघ के हमले से ही हुई है।

यह खबर गांव में फैलते ही सामदा बुज और आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग घटनास्थल पर जमा हो गए। ग्रामस्थों ने गुस्से में आरोप लगाया कि इलाके में पिछले कुछ दिनों से बाघ का मूवमेंट बढ़ा हुआ था, फिर भी वनविभाग ने समय रहते सही कदम नहीं उठाए। लोगों ने कहा कि रोजी रोटी के लिए रोज खेत और जंगल की सीमा पर जाना पड़ता है, लेकिन अब जान हथेली पर रखकर काम करना पड़ रहा है, आज हेमंत गए, कल किसका नंबर आएगा, यह सवाल ग्रामस्थों ने उठाया।

ग्रामस्थों ने आक्रामक रुख अपनाते हुए मांग की कि हमला करने वाले बाघ को तुरंत ढूंढकर पकड़ा जाए और उसे सुरक्षित जगह पर शिफ्ट किया जाए। इसके साथ ही मृतक हेमंत भुरसे के परिवार को सरकार की तरफ से तुरंत पच्चीस लाख रुपये की आर्थिक मदद देने, गांव में वनविभाग की चौबीस घंटे गश्त बढ़ाने और इलाके में ट्रैप कैमरे लगाने की जोरदार मांग की गई।

घटना की जानकारी मिलते ही सावली पुलिस स्टेशन की टीम और वनविभाग के सीनियर अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने शव का पंचनामा करके आगे की कानूनी कार्रवाई और जांच शुरू कर दी है। लगातार हो रही ऐसी जानलेवा घटनाओं की वजह से किसानों और पशुपालकों में जबरदस्त डर का माहौल है, और अब वनविभाग इंसान जंगली जानवर टकराव रोकने के लिए ठोस और असरदार कदम उठाएगा या नहीं, इस पर सबकी नजर टिकी है।

अभी कोई अपडेट नहीं

खबर छप चुकी है, लेकिन लाइव थ्रेड अभी शुरू नहीं हुआ। डेस्क कोई अपडेट डालते ही वह यहाँ दिखेगा।

क्या हम इस विज़िट को गिन लें? PT24 गूगल एनालिटिक्स से देखता है कि कौन सी खबरें किस पर पढ़ी जाती हैं। आपके हां कहने तक यह बंद है, आप सोच रहे हैं तब तक कुछ नहीं गिना जाता, और आप You पर कभी भी अपना मन बदल सकते हैं। हम क्या लेंगे