मंगलवार, 6 अक्टूबर 2026

अभी सब्सक्राइब करें
प्राइम अलर्ट
सारे लाइव अपडेट
21:06 IST

नेतन्याहू के अटक वॉरंट पर अमेरिका ICC की फंडिंग रोकने की तैयारी में

अंतरराष्ट्रीय फौजदारी न्यायालय ने नेतन्याहू के खिलाफ अटक वॉरंट जारी किया, जवाब में अमेरिका पूरी संस्था पर आर्थिक प्रतिबंध लगाने की तैयारी में है।

नेतन्याहू के अटक वॉरंट पर अमेरिका ICC की फंडिंग रोकने की तैयारी में
एआई से बनाई गई प्रतीकात्मक तस्वीर; यह घटना का वास्तविक फोटो नहीं है | PT24

इस्रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय फौजदारी न्यायालय (ICC) ने जो अटक वॉरंट जारी किया था, उसी के बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का प्रशासन अब ICC पर बड़े पैमाने पर प्रतिबंध लगाने की तैयारी में दिख रहा है। यह प्रतिबंध कोर्ट के किसी एक अधिकारी या जज पर नहीं, बल्कि सीधे पूरी संस्था पर लागू करने की योजना सामने आई है।

प्रस्तावित प्रतिबंधों के मुताबिक अमेरिकी नागरिकों और कंपनियों को बिना खास परमिशन के ICC को फंड, सामान या कोई भी सर्विस देने पर रोक लग सकती है। छह से सात महीने बाद कोर्ट से जुड़े ज्यादातर लेनदेन पर भी सीमा आ सकती है। इसका सीधा असर यह होगा कि ICC को डॉलर में होने वाले ट्रांजैक्शन, बैंकिंग, इंश्योरेंस, टेक्नोलॉजी सर्विस और बाकी आर्थिक सुविधाओं में दिक्कतें आ सकती हैं। यानी कोर्ट बड़े आर्थिक संकट में फंस सकता है।

यह पूरा विवाद नवंबर 2024 से शुरू हुआ, जब ICC ने नेतन्याहू और उस वक्त के इस्रायली रक्षा मंत्री योआव गैलंट के खिलाफ अटक वॉरंट जारी किया था। यह मामला गाझा युद्ध के दौरान कथित युद्ध अपराधों और मानवता के खिलाफ अपराधों के आरोपों से जुड़ा है। इसके बाद नेतन्याहू और इस्रायल ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था और सफाई दी थी कि युद्ध के दौरान किसी भी मानवीय मूल्य का उल्लंघन नहीं किया गया, और जैसी परिस्थिति बनी वैसे ही फैसले लिए गए।

दिलचस्प बात यह है कि अमेरिका और इस्रायल, दोनों ही देश ICC के सदस्य नहीं हैं। इसके बावजूद दुनिया के कई देशों में नेतन्याहू के प्रवेश पर पाबंदी है या उनके खिलाफ अटक वॉरंट जारी है। इस वजह से नेतन्याहू की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काफी किरकिरी हुई, और यही वजह है कि यह मामला और ज्यादा गरमा गया है।

इससे पहले भी अमेरिका ICC के जजों और अधिकारियों पर निजी तौर पर प्रतिबंध लगा चुका है। लेकिन अब पूरी संस्था को निशाना बनाने की तैयारी चल रही है, ऐसा जानकारी में सामने आया है। संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक के दौरान या उसके बाद इस बारे में फैसला सामने आने की संभावना जताई जा रही है। अगर प्रस्तावित प्रतिबंध लागू होते हैं, तो इसका बड़ा असर ICC के रोजमर्रा के कामकाज और युद्ध अपराधों की जांच-पड़ताल पर पड़ सकता है।

क्या हम इस विज़िट को गिन लें? PT24 गूगल एनालिटिक्स से देखता है कि कौन सी खबरें किस पर पढ़ी जाती हैं। आपके हां कहने तक यह बंद है, आप सोच रहे हैं तब तक कुछ नहीं गिना जाता, और आप You पर कभी भी अपना मन बदल सकते हैं। हम क्या लेंगे