नागपुर में डायल-112 पर 78 बार झूठी कॉल, भाई पर हमले की फर्जी सूचना, केस दर्ज
श्रीकृष्ण नगर के एक शख्स ने पुलिस को गुमराह करने के लिए इमरजेंसी हेल्पलाइन पर बार-बार फोन किया, बाद में पूरा मामला झूठा निकला।
नागपुर के हुड़केश्वर इलाके में एक अजीब मामला सामने आया है, जहां एक शख्स ने पुलिस की इमरजेंसी हेल्पलाइन डायल-112 पर एक-दो नहीं बल्कि करीब 78 बार फोन करके अपने ही भाई के हाथों चाकू से हमला होने और जान से मारे जाने की झूठी सूचना दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस फौरन मौके पर पहुंची, लेकिन जांच में पता चला कि यह सब सिर्फ पुलिस को गुमराह करने की कोशिश थी।
पुलिस के मुताबिक, श्रीकृष्ण नगर, हुड़केश्वर में रहने वाले श्याम भाऊराव जानोरकर (40) ने 18 सितंबर की रात करीब 8 बजे डायल-112 पर लगातार कॉल करना शुरू किया। घबराई हुई आवाज में उसने पुलिस को बताया कि उसके भाई ने उस पर चाकू से हमला किया है और या तो उसकी हत्या हो चुकी है या फिर भाई उसे मारने वाला है।
बार-बार आ रही इस गंभीर सूचना को पुलिस ने हल्के में नहीं लिया। वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक अनामिका मिर्जापुरे के निर्देश पर तुरंत एक टीम मौके के लिए रवाना की गई, जिसमें उपनिरीक्षक प्रवीण बाकरे, पुलिस कर्मचारी रविदत्त तांबे और आशीष, साथ ही बीट मार्शल हवलदार सोमेश्वर बुलबुले शामिल थे।
टीम जब मौके पर पहुंची और श्याम जानोरकर से घटना के बारे में पूछताछ शुरू की, तो वह पुलिस को कोई साफ और तसल्लीबख्श जवाब नहीं दे पाया। पूछताछ के दौरान उसकी बातों में बार-बार विरोधाभास सामने आता रहा। पुलिस ने आसपास और घटनास्थल पर जाकर भी छानबीन की, लेकिन ऐसा कुछ नहीं मिला जिससे यह साबित हो कि भाई ने वाकई चाकू से हमला किया था। इससे साफ हो गया कि डायल-112 पर दी गई सूचना असली नहीं, बल्कि पुलिस को गुमराह करने के इरादे से दी गई थी।
जांच में मामला झूठा निकलने के बाद पुलिस ने इसकी जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों को दी। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने इमरजेंसी हेल्पलाइन पर करीब 78 बार फोन करके पुलिस का कीमती वक्त और संसाधन बर्बाद किया।
वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक अनामिका मिर्जापुरे के मार्गदर्शन में उपनिरीक्षक प्रवीण बाकरे ने हवलदार सोमेश्वर बुलबुले की शिकायत पर सरकारी पक्ष की ओर से श्याम जानोरकर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 217 के तहत केस दर्ज किया है। हुड़केश्वर पुलिस अब इस मामले की आगे जांच कर रही है।