MPSC भर्ती में अब तक का सबसे बड़ा रिकॉर्ड टूटेगा, मुख्यमंत्री फडणवीस का दावा
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि महाराष्ट्र लोकसेवा आयोग यानी MPSC में इस बार अब तक की सबसे बड़ी पदभर्ती होगी।
पिछले कुछ दिनों से MPSC यानी महाराष्ट्र लोकसेवा आयोग में पेपर लीक और घोटालों की खबरों ने स्पर्धा परीक्षा देने वाले छात्रों को परेशान कर रखा था। कम पदों पर भर्ती और घोटालों की वजह से छात्रों को सड़क पर उतरना पड़ा, और विपक्षी नेताओं ने भी यह मुद्दा जोर-शोर से उठाया। मंगलवार को कैबिनेट की बैठक के बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने MPSC से जुड़े सवालों पर कई अहम बातें कहीं, जिनसे छात्रों को राहत मिल सकती है।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि फिलहाल MPSC में तुलना में कम पद निकलते हैं, ग्रुप सी में भी पदों की संख्या कम रहती है। इस साल पांच विभागों का प्रेजेंटेशन हुआ है और कितने पद हैं, कितने खाली हैं और कितनी मांग आई है, इसका नियमित रिव्यू किया जा रहा है। इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए अगली भर्ती में रिकॉर्ड संख्या में पद देखने को मिलेंगे, यानी अब तक की सारी भर्तियों का रिकॉर्ड तोड़ने वाली बड़ी MPSC भर्ती की जाएगी। मुख्यमंत्री ने यह भी साफ किया कि स्थानीय स्वराज्य संस्थाओं में पद भरने के लिए अलग व्यवस्था बनाई जा रही है, और MPSC को लेकर बनी कमेटी अच्छा काम कर रही है।
दूसरी तरफ ऑब्जेक्टिव पैटर्न की मांग भी फिर जोर पकड़ रही है। दळवी कमेटी ने पहले भी ऑब्जेक्टिव पैटर्न की सिफारिश की थी, जिसके आधार पर उस वक्त फैसला लिया गया था। अब यह मांग फिर उठी है। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि अगर कमेटी ऑब्जेक्टिव पैटर्न अपनाने की मांग करती है, तो सरकार इस पर सकारात्मक रुख रखेगी।
MPSC अध्यक्ष के इस्तीफे की मांग पर मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि फिलहाल जिस घोटाले की चर्चा हो रही है, वह अध्यक्ष के पद संभालने से पहले का मामला है। MPSC अध्यक्ष की नियुक्ति राज्यपाल करते हैं, और उनके काम का सही आकलन किए बिना इस्तीफे की मांग करना ठीक नहीं है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार का मकसद सिर्फ छात्रों का हित है।