बीड में सफवान खान गैंग पर मोक्का, गोलीबारी के मामले में विशेष महानिरीक्षक की मंजूरी
बीड में सराईत गुनहगार सफवान खान और उसके गैंग के खिलाफ मोक्का की कार्रवाई को मंजूरी मिली
राज्य के साथ-साथ पूरे देश में क्राइम बढ़ता जा रहा है और इससे लोगों में डर का माहौल बन रहा है। इसी क्राइम को रोकने के लिए पुलिस लगातार कोशिश कर रही है। इसी कड़ी में बीड शहर के पेठ बीड इलाके के सराईत गुनहगार सफवान खान मेहबूब खान और उसके गैंग के खिलाफ महाराष्ट्र संघटित गुन्हेगारी नियंत्रण अधिनियम यानी मोक्का के तहत कार्रवाई की गई है। बीड ग्रामीण पुलिस ने जो प्रस्ताव भेजा था, उसे छत्रपती संभाजीनगर परिक्षेत्र के विशेष पुलिस महानिरीक्षक ने मंजूरी दे दी है।
मामला ११ अगस्त २०२६ का है। शाम करीब सात बजे शेख मोहम्मद साद शेख हारून अपने दोस्त के साथ सलीम पेट्रोल पंप, इमामपूर रोड से वापस आ रहे थे। तभी सय्यद साद आझम नाम के आरोपी ने गुस्से से देखने की बात पर उनसे झगड़ा शुरू कर दिया। बताया जा रहा है कि इसके बाद मारपीट की गई और आरोपी ने अपने मामा सफवान खान को फोन कर बुला लिया। पुलिस जांच में सामने आया है कि सफवान खान ने अपने पास रखी पिस्तौल से फिर्यादी और गवाहों की तरफ जान से मारने की नीयत से गोली चलाई। इस मामले में बीड ग्रामीण पुलिस स्टेशन में गुनहा नंबर ३००/२०२६ दर्ज किया गया। पुलिस इंस्पेक्टर सोमनाथ जाधव ने इस केस की जांच की। जांच में पठाण फरदीन पठाण फेरोज, शिकलकर अरबाज अब्दुल नवाब, सय्यद साद आझम और अमान खान नासेर खान पठाण समेत छह और लोगों की भूमिका सामने आई है।
पुलिस के मुताबिक इस गैंग के आरोपियों पर पेठ बीड, बीड ग्रामीण और बीड शहर पुलिस स्टेशन की हद में खून करने की कोशिश, गैरकानूनी हथियार रखने, दंगा, अपहरण, घर में घुसकर मारपीट और जबरन वसूली जैसे गंभीर मामले दर्ज हैं।
बीड ग्रामीण पुलिस ने मोक्का की कार्रवाई का प्रस्ताव उपविभागीय पुलिस अधिकारी, अपर पुलिस अधीक्षक और पुलिस अधीक्षक के जरिए विशेष पुलिस महानिरीक्षक तक भेजा था। अब इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है, जिसके बाद सफवान खान और उसके गैंग के खिलाफ मोक्का के तहत आगे की कार्रवाई का रास्ता साफ हो गया है।