बार-बार हाथ-पैरों में सूजन आए तो न करें अनदेखी, किडनी से जुड़ी वजहें भी
हाथ-पैरों में बार-बार सूजन आने की वजहें और उससे जुड़े लक्षण।
भागदौड़ भरी जिंदगी, काम का बढ़ता तनाव, जंक फूड का ज्यादा सेवन, पोषक तत्वों की कमी और शरीर में हो रहे बदलावों को बार-बार नजरअंदाज करना सेहत बिगड़ने की संभावना बढ़ा देता है। काम की दौड़-धूप में लोग अपनी सेहत पर ज्यादा ध्यान नहीं देते। हाथ-पैरों में बार-बार सूजन आना, बहुत ज्यादा थकान लगना और कमजोरी जैसे लक्षण दिखने के बाद भी इलाज नहीं कराया जाता। इससे छोटी बीमारियां गंभीर रूप ले लेती हैं। इसलिए शरीर में दिखने वाले लक्षणों को अनदेखा किए बिना वक्त रहते इलाज कराना बहुत जरूरी बताया गया है।
किडनी की बीमारियां, शरीर में जरूरत से ज्यादा तरल जमा होना, खून के बहाव (रक्त संचार) में रुकावट या सेहत से जुड़ी दूसरी दिक्कतों की वजह से हाथ-पैरों में सूजन आती है। सूजन आने के बाद कुछ लोगों को दर्द, लालिमा या सांस लेने में भी तकलीफ होती है।
घंटों एक ही जगह बैठे रहने या खड़े रहने से पैरों में सूजन आ सकती है। लेकिन अगर पैर बार-बार सूजते हैं तो इसे हल्के में नहीं लेना चाहिए। पैरों के रक्त संचार में रुकावट आने पर या पैरों में तरल जमा हो जाने पर पैर फूले हुए दिखते हैं। इसके अलावा सफर के दौरान या दिनभर खड़े रहने से टखनों के पास सूजन आती है। यह सूजन ज्यादा दिन तक टिकी रहे तो डॉक्टर की सलाह से इलाज कराना चाहिए।
खाने में नमक ज्यादा लेने से किडनी की सेहत पर असर पड़ता है और शरीर में सोडियम का स्तर बढ़ जाता है। लगातार प्रोसेस किए हुए या ज्यादा देर तक स्टोर करके रखे गए खाने के स्वाद अच्छे लगते हैं, लेकिन इनसे शरीर पर लंबे वक्त में असर पड़ने की संभावना रहती है।
पोषक तत्वों की कमी भी एक वजह बताई गई है। सेहतमंद रहने के लिए शरीर को हमेशा पोषक तत्व चाहिए होते हैं। कभी-कभी खानपान में बदलाव से इन तत्वों की कमी हो जाती है और हाथ-पैरों में सूजन, मांसपेशियों में दर्द जैसे लक्षण दिखने लगते हैं। खून में एल्बुमिन जैसे प्रोटीन का स्तर घटने पर शरीर का तरल रक्त वाहिकाओं में जमा रहता है, जिससे हाथ या पैरों में सूजन आती है। ऐसे लक्षण दिखें तो तुरंत डॉक्टर की सलाह से इलाज कराना जरूरी है।
किडनी के कामकाज में रुकावट भी वजह बन सकती है। शरीर में पानी या सोडियम का स्तर बढ़ने पर किडनी की सेहत पर सीधा असर पड़ता है। शरीर का तरल नीचे की तरफ जमा हो जाता है, जिसके नतीजे में हाथ, पैर, टखनों या चेहरे पर सूजन आती है। किडनी की बीमारी लगने पर शुरुआती दिनों में दिखने वाला मुख्य लक्षण सूजन ही है। अगर रोज सोकर उठने के बाद पैरों में सूजन दिखती हो तो अनदेखी न करें और वक्त रहते इलाज कराएं।
यह जानकारी सिर्फ आम जानकारी के लिए है और इसमें किसी इलाज का दावा नहीं किया गया है। कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।