शेयर बाजार में भारी गिरावट, सुबह के कारोबार में निवेशकों के 6 लाख करोड़ डूबे
सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में तेज गिरावट, बाजार पूंजीकरण घटकर 476 लाख करोड़ रुपये रह गया
हफ्ते के पहले ही कारोबारी दिन शेयर बाजार में बड़ी उथल-पुथल देखने को मिली। सोमवार को मार्केट खुलते ही जोरदार गिरावट आई और निवेशकों के करीब 6 लाख करोड़ रुपये डूब गए। पिछले कुछ हफ्तों से शेयर बाजार लाल निशान में ही कारोबार कर रहा था, और सोमवार को भी यही सिलसिला जारी रहा।
सेंसेक्स सोमवार को 73,734.83 अंकों पर गिरावट के साथ खुला। सुबह 9:45 बजे तक इसमें 888.18 अंकों की गिरावट दिखी और यह 1.20 फीसदी टूटकर 73,182.42 अंकों पर कारोबार कर रहा था। इसी दौरान 50 शेयरों वाला निफ्टी भी 23,064 अंकों पर गिरावट के साथ खुला। सुबह 9:46 बजे यह 1.17 फीसदी यानी 270.55 अंकों की गिरावट के साथ 22,869.95 अंकों पर ट्रेड कर रहा था।
बाजार खुलते ही सेंसेक्स के 30 शेयरों में से सिर्फ दो शेयरों में तेजी देखने को मिली, बाकी 28 शेयर गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे। इनमें टीसीएस का शेयर सबसे ज्यादा 0.33 फीसदी चढ़ा, जबकि बजाज फाइनेंस का शेयर सबसे ज्यादा 1.11 फीसदी लुढ़का। पश्चिम एशिया में बढ़ता तनाव, अमेरिका-ईरान के बीच टकराव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल को घरेलू शेयर बाजार में इस बड़ी गिरावट की वजह बताया जा रहा है।
आंकड़ों के मुताबिक बीएसई पर लिस्टेड कंपनियों का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन करीब 6 लाख करोड़ रुपये घटकर अब लगभग 476 लाख करोड़ रुपये रह गया है, यानी निवेशकों को इतनी ही रकम का नुकसान उठाना पड़ा है।
बाजार में इस गिरावट के पीछे कई कारण गिनाए जा रहे हैं। पश्चिम एशिया में संघर्ष लगातार बढ़ रहा है, जिसका असर सीधे तेल की कीमतों पर पड़ रहा है और वे तेजी से ऊपर गई हैं। इसके अलावा अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में भी बड़ी बढ़ोतरी देखने को मिली है। इन सबके बीच भारतीय रुपया भी कमजोर हुआ है, और विदेशी निवेशक लगातार भारतीय बाजार में बिकवाली कर रहे हैं। इन पांचों वजहों के एक साथ आने से बाजार पर दबाव बना और सुबह के कारोबार में ही निवेशकों को भारी नुकसान झेलना पड़ा।