समृद्धी महामार्ग को लेकर फडणवीस का विरोधियों पर तंज, कहा प्रेरणा कासव पर चाल कासव जैसी नहीं
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने समृद्धी महामार्ग के फैसले पर शरद पवार और उद्धव ठाकरे के विरोध का जिक्र करते हुए अपनी कार्यशैली पर उठ रहे सवालों का जवाब दिया।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने समृद्धी महामार्ग के मुद्दे पर अपने राजनीतिक सफर का एक अहम किस्सा सुनाया है। उन्होंने दावा किया कि जब समृद्धी महामार्ग बनाने का फैसला लिया गया था, उस वक्त शरद पवार और उद्धव ठाकरे ने इस प्रोजेक्ट का विरोध किया था। खास बात यह है कि फडणवीस ने यह भी बताया कि उस दौर में उद्धव ठाकरे महायुति का ही हिस्सा थे।
इसी दौरान फडणवीस ने विरोधियों पर तंज कसते हुए कहा, मेरी चाल कासव की नहीं है, लेकिन मेरी प्रेरणा कासव है। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में जमकर चर्चा शुरू हो गई है।
फडणवीस ने कहा कि जब महायुति की सरकार हो और किसी काम को पूरे दिल से करने की ठान ली जाए, तो सहयोगी पार्टियों का साथ भी मिल जाता है। उन्होंने बताया कि समृद्धी महामार्ग का फैसला लेने के बाद वे अपने लक्ष्य पर डटे रहे। उनके मुताबिक, इस प्रोजेक्ट के लिए जरूरी जमीन का अधिग्रहण महज एक साल के भीतर पूरा कर लिया गया था।
फडणवीस ने यह भी दावा किया कि जो लोग शुरुआत में इस प्रोजेक्ट का विरोध कर रहे थे, वे आज समृद्धी महामार्ग की तारीफ कर रहे हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि चाहे कितनी भी आलोचना और विरोध हो, काम को बीच में रोकना नहीं चाहिए।
अपनी कार्यशैली पर सवाल उठाने वालों को भी फडणवीस ने हल्के-फुल्के अंदाज में जवाब दिया। उन्होंने कहा, मेरी चाल कासव की नहीं है, लेकिन मेरी प्रेरणा कासव है। इसकी वजह बताते हुए उन्होंने कहा कि जब उन पर आलोचना होती है या पत्थर फेंके जाते हैं, तो वे कासव की तरह अपने खोल में चले जाते हैं। यानी हर बार आलोचना का जवाब देने के बजाय, वे उसे नजरअंदाज कर अपना काम जारी रखने पर भरोसा करते हैं।
फडणवीस ने कहा कि राजनीति में यह अनुभव उन्हें कई बार हुआ है कि किसी प्रोजेक्ट का शुरुआत में विरोध होता है और बाद में उसी प्रोजेक्ट की चर्चा होने लगती है। इसलिए चाहे कितनी भी आलोचना हो, वे अपने लक्ष्य से भटके बिना काम करते रहने की बात पर कायम हैं।
फडणवीस के इस बयान से समृद्धी महामार्ग का फैसला, उस वक्त हुआ राजनीतिक विरोध और उनकी कार्यशैली, ये सारे मुद्दे एक बार फिर चर्चा में आ गए हैं।