को-पायलट के हमले के बाद भी कैप्टन स्मित मच्छार की दुनिया भर में तारीफ
फ्लायदुबई की फ्लाइट एफझेड 1073 में को-पायलट के हमले के बाद कैप्टन स्मित मच्छार के साहस की कई देशों के राजदूत तारीफ कर रहे हैं।
भारत में मौजूद कई विदेशी राजदूतों और राजनीतिक विचारकों ने गुरुवार को कैप्टन स्मित मच्छार के साहस की तारीफ की। बताया गया है कि उनकी हिम्मत की वजह से बुधवार को हवा में एक बड़ा हादसा टल गया और 100 से ज्यादा यात्रियों की जान बच गई।
फ्लायदुबई की फ्लाइट एफझेड 1073 पर आए खतरे को टालने में कैप्टन मच्छार की भूमिका को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहा जा रहा है। इस घटना के दौरान को-पायलट ने कैप्टन मच्छार पर जानलेवा हमला किया था, जिससे विमान अचानक नीचे गिरने लगा था। खून से लथपथ हालत में भारतीय पायलट ने हमलावर का डटकर सामना किया और कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया। इसके बाद यात्री उनकी मदद के लिए दौड़े, कॉकपिट में घुसे और हमलावर को काबू में कर लिया।
हमलावर के पकड़े जाने के बाद गंभीर रूप से जख्मी स्मित ने विमान को संभालने की कोशिश की। जैसे-तैसे उन्होंने विमान को सऊदी अरब में इमरजेंसी लैंडिंग करके उतारा।
भारत में श्रीलंका की उच्चायुक्त महिशिनी कोलोन ने यात्रियों और क्रू मेंबर की जान बचाने के लिए भारतीय पायलट के असाधारण साहस और समझदारी की तारीफ की। कोलोन ने एक्स पर लिखा कि खतरे के माहौल में असाधारण साहस और विवेक दिखाने के लिए कैप्टन स्मित मच्छार को सलाम। उनके मुताबिक गंभीर रूप से जख्मी होने पर भी स्मित ने अपनी देखरेख में मौजूद लोगों की जान बचाने के लिए गजब के संयम और दृढ़ संकल्प के साथ काम किया। कोलोन ने लिखा कि उनके साहस और बाकी यात्रियों व क्रू मेंबर की बहादुरी से एक भयानक घटना को टाला जा सका। उन्होंने स्मित के जल्द ठीक होने की प्रार्थना भी की।
संयुक्त राष्ट्र में इस्रायल के राजदूत डैनी डैनन ने भी एक्स पर पोस्ट लिखकर भारतीय पायलट को सच्चा हीरो बताया। उन्होंने लिखा कि कैप्टन स्मित मच्छार जल्द ठीक हों, यह उनकी प्रार्थना है। डैनन के मुताबिक यह भारतीय पायलट बहादुरी से लोगों की जान बचाने के लिए लड़ता रहा, जबकि उस पर बार-बार हमले होते रहे और वह बुरी तरह जख्मी हो गया। उन्होंने कहा कि कैप्टन मच्छार, आप सच्चे हीरो हैं, और इस्रायल आपकी सेहत के लिए प्रार्थना कर रहा है।
भारत में अर्जेंटीना के राजदूत मारियानो कॉसिनो ने भी कैप्टन स्मित के साहस की तारीफ की थी। उन्होंने कहा कि कैप्टन स्मित भारत के साहस और कर्तव्य की भावना का प्रतीक हैं। गंभीर रूप से जख्मी होने के बावजूद उन्होंने सैकड़ों बेगुनाह लोगों की जान बचाई और हीरो बन गए। कॉसिनो के मुताबिक उनका साहस और आदर्श हमेशा याद रखा जाएगा, और दुनिया को उन पर गर्व है।
भारत में इस्रायल के दूतावास ने भी कैप्टन का शुक्रिया अदा किया। गौरतलब है कि इस विमान में सबसे ज्यादा यात्री इस्रायल के थे। दूतावास ने एक्स पोस्ट में लिखा कि हिम्मत की कोई सीमा नहीं होती। मुश्किल वक्त में कैप्टन स्मित और बाकी लोगों का साहस हमारे लोगों के बीच गहरे रिश्ते की याद दिलाता है। दूतावास के मुताबिक यह रिश्ता हिम्मत, एकजुटता और इंसानियत की ताकत पर भरोसे से बना है। दूतावास ने भी स्मित की सेहत जल्द सुधरने की प्रार्थना की।
शुरुआती जानकारी के मुताबिक को-पायलट ओमान का बताया गया है।