खाने के बाद टहलने से फैट तेजी से बर्न होता है? जानिए क्या कहती है साइंस
डॉक्टरों का कहना है कि खाने के बाद टहलना ब्लड शुगर और इंसुलिन के लिए फायदेमंद है, भले ही यह सीधे फैट बर्निंग की गारंटी न हो
अक्सर यह सुनने में आता है कि खाने के बाद पंद्रह से बीस मिनट टहलने से शरीर की चर्बी तेजी से घटती है। लेकिन अभी तक जितने भी वैज्ञानिक सबूत सामने आए हैं, वे इसे सीधा और असरदार 'फैट बर्निंग' तरीका मानने के लिए काफी नहीं हैं।
कुछ रिसर्च में यह जरूर देखा गया है कि खाने के बाद हल्की-फुल्की फिजिकल एक्टिविटी करने से शरीर में फैट का इस्तेमाल थोड़ा बढ़ सकता है, मगर इस बारे में नतीजे एक जैसे नहीं मिलते। फिर भी खाने के बाद टहलने के मेटाबॉलिक हेल्थ के लिहाज से कई अहम फायदे बताए जाते हैं।
मुंबई के सैफी हॉस्पिटल में इंटरनल मेडिसिन के कंसल्टेंट डॉ. गौरव गुप्ता के मुताबिक, पंद्रह से बीस मिनट टहलने से शरीर को ब्लड शुगर बेहतर तरीके से कंट्रोल करने में मदद मिल सकती है। उनका कहना है कि खाने में मौजूद कार्बोहाइड्रेट्स की वजह से ब्लड में ग्लूकोज का लेवल बढ़ जाता है। ऐसे में अगर हल्की एक्सरसाइज की जाए तो मसल्स इस ग्लूकोज को एनर्जी के लिए इस्तेमाल करने लगती हैं। इससे खाने के बाद ब्लड शुगर में होने वाला उछाल कम हो सकता है और शरीर की इंसुलिन के प्रति प्रतिक्रिया भी बेहतर हो सकती है।
डॉ. गुप्ता के मुताबिक यह आदत खासतौर से प्री-डायबिटीज, इंसुलिन रेसिस्टेंस, मोटापे या फैटी लिवर से जूझ रहे लोगों के लिए ज्यादा फायदेमंद साबित हो सकती है। खाने के बाद नियमित टहलने से ग्लूकोज मेटाबॉलिज्म को मदद मिलती है, जिससे ब्लड शुगर की लंबे समय तक रहने वाली बढ़त कम हो सकती है। समय के साथ ब्लड शुगर कंट्रोल और इंसुलिन सेंसिटिविटी सुधरने से पूरी मेटाबॉलिक हेल्थ को फायदा पहुंच सकता है।
डॉक्टरों का कहना है कि फैटी लिवर या ज्यादा वजन वाले लोगों के लिए खाने के बाद टहलना, बिना किसी मुश्किल एक्सरसाइज के रोजाना की फिजिकल एक्टिविटी बढ़ाने का आसान तरीका हो सकता है, बशर्ते इसे लगातार किया जाए। खाने के बाद की यह छोटी सी वॉक अकेले बहुत ज्यादा फैट नहीं जलाएगी, लेकिन बैलेंस्ड डाइट, रेगुलर एक्सरसाइज और सही लाइफस्टाइल के साथ मिलकर यह वजन मैनेज करने और मेटाबॉलिक हेल्थ के लिए उपयोगी हो सकती है।
चलने की स्पीड बहुत तेज होने की भी जरूरत नहीं बताई गई है। आरामदायक या हल्की स्पीड से की गई ब्रिस्क वॉकिंग भी शरीर को ग्लूकोज का ज्यादा असरदार तरीके से इस्तेमाल करने में मदद कर सकती है। यही वजह है कि खाने के बाद टहलना एक ऐसी आदत बताई जाती है जिसे आसानी से अपनाया और लंबे समय तक बनाए रखा जा सकता है।
डॉक्टरों की सलाह है कि खाने के बाद पंद्रह से बीस मिनट टहलने को फैट बर्न करने का शॉर्टकट न समझा जाए। लेकिन ब्लड शुगर और इंसुलिन मेटाबॉलिज्म के लिए इसके अहम फायदे हो सकते हैं। खासतौर पर प्री-डायबिटीज, फैटी लिवर या ज्यादा वजन वाले लोग खाने के बाद थोड़ा टहलने को अपनी रोजाना की रूटीन में एक आसान और उपयोगी आदत बना सकते हैं।