पुणे महानगरपालिका के आठ नए CBSE स्कूल, 2027 से करीब 17,000 बच्चों को फायदा
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महाराष्ट्र सरकार ने पुणे महानगरपालिका के तहत आठ नए CBSE स्कूल शुरू करने के लिए NOC दे दी है। पढ़ाई 2027-28 शैक्षणिक वर्ष से चरणबद्ध तरीके से शुरू होगी।
पुणे, 5 अक्टूबर 2026: महाराष्ट्र सरकार ने पुणे महानगरपालिका (PMC) के तहत आठ नए सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) स्कूल शुरू करने के लिए अनापत्ति प्रमाणपत्र (NOC) दे दिया है। उम्मीद है कि इससे शहर के करीब 17,000 बच्चों को फायदा होगा। इन बच्चों को अंग्रेजी माध्यम में राष्ट्रीय स्तर की पढ़ाई का मौका मिलेगा।
अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त पवनीत कौर ने कहा कि यह मंजूरी महानगरपालिका की शिक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है। इससे नगर निगम के स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को बेहतर पढ़ाई के मौके मिलेंगे।
कौर के मुताबिक नगर निगम के स्कूलों के बच्चों को राष्ट्रीय स्तर के संस्थानों में दाखिला लेने और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने में अक्सर दिक्कत आती है, क्योंकि उन्हें राष्ट्रीय पाठ्यक्रम का सीमित अनुभव मिलता है। CBSE स्कूल शुरू होने से यह फासला कम होने की उम्मीद है, क्योंकि पढ़ाई राष्ट्रीय शैक्षणिक मानकों के हिसाब से होगी।
मंजूर किए गए आठ स्कूल वारजे-कर्वेनगर, वानवडी, हडपसर-मांजरी, येरवडा-वडगांवशेरी, नगर रोड-वाघोली, सिंहगड रोड और कोंढवा-उंड्री इलाकों में होंगे।
मंजूर स्कूलों की सूची यह है: ए.पी.जे. अब्दुल कलाम, कर्वेनगर (वारजे-कर्वेनगर); स्कूल नंबर 62 B, वानवडी (वार्ड नंबर 18); रामचंद्र बनकर (हडपसर-मांजरी); लहुजी साळवे, येरवडा (येरवडा-वडगांवशेरी); स्कूल नंबर 83 B, हडपसर (हडपसर-मांजरी); स्कूल नंबर 102 G, धानोरी (नगर रोड-वाघोली); स्कूल नंबर 203 B, वडगांव बुद्रुक (सिंहगड रोड); और न्यू स्कूल, कोंढवा (कोंढवा-उंड्री)।
कौर ने कहा कि CBSE पाठ्यक्रम से बच्चों की मुख्य विषयों की बुनियादी समझ मजबूत होगी। साथ ही जॉइंट एंट्रेंस एग्जामिनेशन (JEE), नेशनल एलिजिबिलिटी-कम-एंट्रेंस टेस्ट (NEET) और नेशनल डिफेंस एकेडमी (NDA) जैसी राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं की उनकी तैयारी भी बेहतर होगी।
अंग्रेजी माध्यम की पढ़ाई से बच्चों की बातचीत की काबिलियत और आत्मविश्वास भी बढ़ने की उम्मीद है। इससे उच्च शिक्षा और आगे चलकर नौकरी के मौके भी बढ़ेंगे।
इस योजना को लागू करने की तैयारियों का जायजा लेने के लिए हाल ही में अतिरिक्त आयुक्त पवनीत कौर की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक हुई। बैठक में शिक्षकों की भर्ती और तैनाती, पढ़ाई की योजना, नीतिगत ढांचा, बुनियादी ढांचे का विकास, और स्कूलों के प्रबंधन व प्रशासनिक इंतजाम पर चर्चा हुई।
प्रस्तावित अमल योजना के मुताबिक इन आठ स्कूलों में कक्षाएं 2027-28 शैक्षणिक वर्ष से चरणबद्ध तरीके से शुरू होंगी।
इस पहल का मकसद नगर निगम की शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करना है, ताकि PMC के स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों तक राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त पाठ्यक्रम पहुंच सके।
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