नागपुर: कोराडी नाका फ्लाईओवर का काम अटका, नवरात्रि में महालक्ष्मी मंदिर के रास्ते में लगेगा भारी जाम
नागपुर के कोराडी नाका पर बन रहा फ्लाईओवर नवरात्रि से पहले पूरा होना मुश्किल, महालक्ष्मी जगदंबा मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं को जाम का सामना करना पड़ेगा।
नागपुर शहर के मशहूर श्री महालक्ष्मी जगदंबा माता मंदिर में दर्शन के लिए हर साल लाखों श्रद्धालु पहुंचते हैं, लेकिन इस बार नवरात्रि में उन्हें भारी ट्रैफिक जाम और परेशानी झेलनी पड़ सकती है। इसकी वजह है कोराडी नाका पर बन रहा 1 किलोमीटर लंबा फ्लाईओवर, जिसका काम अभी अधूरा है।
राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण यानी एनएचएआई की तरफ से इस प्रोजेक्ट में भारी लापरवाही बरती गई है और रेलवे के साथ तालमेल की भी कमी रही है। इसी वजह से 11 अक्टूबर से शुरू हो रहे नवरात्रि उत्सव से पहले फ्लाईओवर का काम पूरा होना लगभग नामुमकिन हो गया है।
हाल ही में एक बड़े नेता ने दावा किया था कि फ्लाईओवर नवरात्रि तक आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। इस वादे के पूरा न होने का खामियाजा अब रोज सफर करने वाले लोगों और मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं को भुगतना होगा।
नवरात्रि के दिनों में महालक्ष्मी जगदंबा मंदिर में वैसे ही रिकॉर्ड भीड़ जुटती है, और इस साल नए आकर्षणों की वजह से भीड़ और बढ़ने की उम्मीद है। फ्लाईओवर का निर्माण कार्य बेहद धीमी रफ्तार से चलने की वजह से कोराडी रोड पहले ही काफी संकरी हो चुकी है। त्योहार के समय जब गाड़ियों का दबाव और बढ़ेगा, तो इस तंग रास्ते से निकलना लोगों के लिए किसी बुरे सपने जैसा हो सकता है।
करीब 45 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे इस 4 लेन फ्लाईओवर का काम एक हाई-टेंशन बिजली लाइन की ऊंचाई बढ़ाने के काम की वजह से रुका हुआ है। एनएचएआई का कहना है कि बिजली के तारों को शिफ्ट करने के लिए एक मोनोपोल तो खड़ा कर दिया गया है, लेकिन काम पूरा करने के लिए रेलवे से जरूरी 'रेलवे ब्लॉक' मिलने में भारी देरी हो रही है। दावा किया गया है कि पिछले डेढ़ महीने से रेलवे से इस बारे में बार-बार संपर्क किया जा रहा है। अब कुछ ब्लॉक मिलने शुरू हुए हैं, लेकिन रेलवे से पूरे सहयोग का अभी भी इंतजार है। एनएचएआई, महाट्रांसको और रेलवे के बीच तालमेल की कमी साफ दिखाई देती है। अधिकारियों ने खुद माना है कि बिजली के तारों की समस्या सुलझने के बाद भी फ्लाईओवर का काम पूरा होने में एक महीने से ज्यादा वक्त लग सकता है।
कोराडी नाका चौक को पहले से ही दुर्घटना संभावित इलाके के तौर पर चिन्हित किया जा चुका है। इसके बावजूद त्योहारी सीजन में लोगों को इसी खतरनाक और संकरे रास्ते से गुजरना पड़ेगा। इसके अलावा बोखारा रेलवे लेवल क्रॉसिंग के ऊपर बनने वाले फ्लाईओवर के बाकी हिस्से का काम अभी शुरू भी नहीं हुआ है। एनएचएआई ने पहले मुख्य फ्लाईओवर और रेलवे ओवर ब्रिज (आरओबी) का काम साथ-साथ करने की योजना बनाई थी, लेकिन रेलवे से मंजूरी मिलने में देरी की वजह से दोनों काम अलग करने पड़े, जो प्रशासनिक स्तर पर एक बड़ी चूक को दिखाता है।
त्योहारों के मौके पर कोराडी रोड पर लगने वाले भारी जाम से राहत देने के दावे अब खोखले साबित हो चुके हैं। नेताओं के वादों और काम करने वाली एजेंसियों की सुस्ती की वजह से इस नवरात्रि में भी नागपुरवासियों को घंटों जाम में फंसकर अपना समय भी गंवाना होगा और परेशानी भी झेलनी होगी।