जलगांव में बावनकुले की चेतावनी: कर्ज से किसान की खुदकुशी हुई तो बैंकों पर होगी जवाबदेही
दुष्काल निवारण उपसमिति के अध्यक्ष और राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने साफ कहा है कि कर्ज की वजह से किसी किसान ने आत्महत्या की तो बैंकों को जिम्मेदार ठहराया जाएगा। वे रविवार को जलगांव जिले में सूखे के हालात देखने आए थे।
बावनकुले ने बताया कि चारे की किल्लत और बारिश के मौसम में बहकर निकल जाने वाले पानी को रोकने के लिए आने वाले समय में उपाय किए जाएंगे। जिले में जानवरों के लिए सिर्फ चार महीने का चारा बचा है। इसके लिए जो कदम उठाए जा रहे हैं, उनकी जानकारी भी उन्होंने दी।
इस मौके पर केंद्रीय राज्यमंत्री रक्षा खडसे, पालकमंत्री गुलाबराव पाटील, मंत्री गिरीश महाजन और संजय सावकारे मौजूद थे। सांसद स्मिता वाघ, विधायक सुरेश भोले, मंगेश चव्हाण, अनिल पाटील, अमोल जावले, नंदकिशोर महाजन, किशोर पाटील और चंद्रकांत पाटील भी आए थे। जिलाधिकारी रोहन घुगे, पुलिस अधीक्षक श्रीकांत धिवरे और सीईओ करिश्मा नायर भी हाजिर थे।
बावनकुले के मुताबिक जिला नियोजन समिति का पूरा फंड सूखे पर खर्च किया जाएगा। किसानों, महिलाओं और बेरोजगारों को रोजगार देने वाली योजना जल्द लागू होगी। किसानों को फसल बीमा मिले, इसकी कोशिश जारी है। फसल की बुआई के रकबे और खेत के रास्ते से जुड़ी दिक्कतें भी सुलझाई जाएंगी। मंत्री ने यह भी कहा कि एक हजार ट्रांसफॉर्मर उपलब्ध कराए जाएंगे।
किसानों के बिजली पंप, बिजली के तार, केबल और ट्रांसफॉर्मर चुराने वाले अपराधियों पर मोक्का के तहत कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने प्रशासन से अपील की कि सूखे के हालात में किसानों का कोई आर्थिक नुकसान न हो, इसके लिए पूरी एहतियात बरती जाए।
अवैध सावकारी पर भी बावनकुले ने सख्त बात कही। उन्होंने बताया कि जिले के रावेर और यावल तालुका में अवैध सावकारी को लेकर बड़ी तादाद में शिकायतें आई हैं। कोई अवैध सावकारी करके लोगों को सता रहा होगा तो उसके खिलाफ मामले दर्ज किए जाएंगे। लोगों से कहा कि ऐसे सावकारों की शिकायत सरकार से करें। राजस्व मंत्री बावनकुले ने भरोसा दिलाया कि उनकी कमर तोड़ दी जाएगी। उन्होंने कहा कि ये लोग परिवारों को मुसीबत में डालते हैं और इन्हें मुसीबत में डालना चाहिए। सावकारी को लेकर 40 निवेदन मिले हैं, यह भी उन्होंने बताया।