चंद्रपूर में पुलिस की बड़ी मुहिम, ५२८ लोगों पर निवारक कार्रवाई
चंद्रपूर पुलिस दल ने अपराधी प्रवृत्ति वालों पर शिकंजा कसने के लिए जिले भर में विशेष कैंप लगाए, अब बारी ब्रह्मपुरी और मूल उपविभाग की।
चंद्रपूर जिले में कानून व्यवस्था बनाए रखने और गुन्हेगारी प्रवृत्ति के लोगों पर जरब बिठाने के लिए पुलिस दल ने पूरे जिले में एक आक्रामक मुहिम छेड़ी है। पुलिस अधीक्षक आयुष नोपाणी के मार्गदर्शन में और अपर पुलिस अधीक्षक ईश्वर कातकडे की मौजूदगी में यह विशेष प्रतिबंधक मुहिम चलाई जा रही है। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता यानी BNSS की धारा १२६ और १२९ के तहत अब तक जिले के अलग अलग उपविभागों में कुल ५२८ लोगों पर निवारक कार्रवाई की जा चुकी है, जिससे जिले के अपराधी हलकों में खलबली मच गई है।
इस मुहिम की शुरुआत वरोरा उपविभाग से हुई। यहां १६ जुलाई २०२६ को १०८ लोगों पर कार्रवाई हुई, और उसके बाद फिर से २७ अगस्त को वरोरा में ही ११२ संदिग्धों पर इसी तरह निवारक कार्रवाई की गई। इसके बाद मुहिम का दायरा बढ़ाते हुए ३ सितंबर को चंद्रपूर उपविभाग में एक ही दिन में रिकॉर्ड १३५ लोगों पर कार्रवाई की गई। इसके अगले क्रम में ७ सितंबर को राजुरा उपविभाग के ७४ और ९ सितंबर को चिमूर उपविभाग के ९९ लोगों पर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता के प्रावधानों के मुताबिक सख्त कानूनी कार्रवाई पूरी की गई। अलग अलग तारीखों पर चलाई गई इस मुहिम से अब तक कुल ५२८ लोगों पर पुलिस ने कानून का शिकंजा कसने में कामयाबी पाई है।
वहीं पुलिस प्रशासन ने साफ किया है कि यह मुहिम यहीं नहीं रुकेगी, इसका अगला चरण ब्रह्मपुरी और मूल उपविभाग में चलाया जाएगा। आने वाले दो दिनों में इन दोनों उपविभागों में भी विशेष प्रिवेंटिव कैंप लगाकर गुन्हेगारी पृष्ठभूमि वाले और कानून व्यवस्था के लिए खतरा बनने वाले संदिग्धों पर तुरंत निवारक कार्रवाई की जाएगी। समाज में शांति, सुव्यवस्था और नागरिकों में सुरक्षा की भावना पैदा करने के लिए चंद्रपूर पुलिस दल पूरी तरह से जुटा है, और अपराधी तथा उपद्रवी तत्वों पर इस तरह की सख्त कानूनी कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी, यह चेतावनी पुलिस प्रशासन की तरफ से दी गई है।