भदोही जिला अब 'संत रविदास नगर भदोही', योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम में किया ऐलान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भदोही में 1,340 करोड़ रुपये से ज्यादा के 112 विकास प्रोजेक्टों का उद्घाटन और भूमिपूजन भी किया।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भदोही जिले का नाम बदलकर 'संत रविदास नगर भदोही' करने की घोषणा की है। यह ऐलान उन्होंने भदोही में हुए एक कार्यक्रम में किया।
कार्यक्रम में योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अब भदोही जिला 'संत रविदास नगर भदोही' के नाम से जाना जाएगा। संत रविदास का नाम जिले से जोड़ने का फैसला पहले ही जाहिर किया जा चुका था।
मुख्यमंत्री ने कहा, "गुरुपूर्णिमा के मौके पर सरकार ने कहा था कि भदोही जिला संत रविदास के नाम से जाना जाएगा। संत रविदास मध्ययुगीन संत थे और उन्होंने आध्यात्मिक भक्ति के जरिए समाज को एकजुट करने का काम किया।"
इसी कार्यक्रम में योगी आदित्यनाथ ने 1,340 करोड़ रुपये से ज्यादा की लागत के 112 विकास प्रोजेक्टों का उद्घाटन और भूमिपूजन किया। इन्हीं विकास कामों के साथ जिले के नाम बदलने की घोषणा भी की गई।
भदोही देश में अपने मशहूर कार्पेट उद्योग के लिए जाना जाता है। इसे 'Carpet City' कहा जाता है और यहां हाथ से बुने कार्पेट के उद्योग का बड़ा केंद्र है।
जिले के नाम का मामला पहले भी बदला जा चुका है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक 1999 में 'संत रविदास नगर भदोही' नाम किया गया था, जबकि 2014 में फिर से 'भदोही' नाम कर दिया गया। अब 2026 में एक बार फिर 'संत रविदास नगर भदोही' नाम की घोषणा हुई है।
इससे पहले सांसद रवि किशन ने उत्तर प्रदेश की तुलना स्पेन से करते हुए राज्य के विकास को लेकर बड़ा बयान दिया था।
योगी आदित्यनाथ नाम बदलने के अपने रुख के लिए देशभर में जाने जाते हैं। राज्य के लोग रोजगार की तलाश में देश के अलग-अलग हिस्सों में जा रहे हैं और ऐसे में नाम बदलने पर जोर दिए जाने से सोशल मीडिया पर लोग काफी नाराजगी जता रहे हैं। इसके बावजूद उत्तर प्रदेश में विकास प्रोजेक्ट भी काफी बढ़े हुए दिख रहे हैं।
योगी सरकार के दौर में जिन जगहों के नाम बदले गए, उनमें इलाहाबाद से प्रयागराज, फैजाबाद से अयोध्या, मुगलसराय से पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर और मुगलसराय रेलवे स्टेशन से पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन शामिल हैं। आगरा के मुगल म्यूजियम को छत्रपति शिवाजी महाराज म्यूजियम, अकबरपुर बस स्टैंड को श्रवण धाम बस स्टैंड और जलालाबाद को परशुरामपुरी नाम दिया गया। इस सूची में अब भदोही से संत रविदास नगर भदोही भी जुड़ गया है।