बैलपोळा विदर्भ का बड़ा उत्सव बनेगा - मंत्री शिवेंद्रसिंह भोसले
वर्धा में शहीद भगतसिंग व्यायाम शाळा और रामनगर बैल पोळा उत्सव समिति की तरफ से बैल पोळा और कृषि प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस मौके पर सार्वजनिक बांधकाम मंत्री शिवेंद्रसिंह भोसले ने कहा कि यह उत्सव आगे चलकर विदर्भ का महाउत्सव बनकर नाम कमाएगा।
भोसले ने कहा कि किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए किसान के साथ-साथ उनकी बैलजोड़ी भी दिन-रात मेहनत करती है। इस बैलजोड़ी की असली कद्र राजमाता जिजाऊ ने रखी थी, और उसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए विदर्भ में बड़े पैमाने पर बैल पोळा उत्सव मनाया जाता है।
कार्यक्रम में पालकमंत्री डॉ. पंकज भोयर, कृषि राज्यमंत्री एडवोकेट आशिष जयस्वाल, नगराध्यक्ष सुधीर पांगुळ, उपाध्यक्ष प्रदीपसिंह ठाकूर, जिला अधीक्षक कृषि अधिकारी अरविंद उपरीकर, जिला नियोजन समिती सदस्य संजय गाते, संतोष ठाकूर, शुभांगी कोलते, वंदना भुते, निलेश किटे और बैल पोळा समिती के अध्यक्ष नरेश गुजर मौजूद रहे।
भोसले ने कहा कि बैलपोळा त्योहार अब उत्सव के रूप में मनाया जा रहा है, यह गर्व की बात है। किसान दिन-रात खेत में मेहनत करता है और उसके साथ उसकी बैलजोड़ी भी किसान की आमदनी बढ़ाने में जुटी रहती है। बैलजोड़ी की यह अहमियत बैलपोळा के जरिए विदर्भ में संजोई जा रही है और आने वाली पीढ़ी को इसकी कद्र समझनी चाहिए। उन्होंने बताया कि किसानों की भलाई के लिए सरकार कई योजनाएं चला रही है। साथ ही पालकमंत्री डॉ. पंकज भोयर की मांग पर उन्होंने भरोसा दिलाया कि शिवाजी महाराज पुतळा चौक परिसर के सौंदर्यीकरण के लिए जल्द 10 करोड़ रुपये मंजूर किए जाएंगे।
पालकमंत्री डॉ. पंकज भोयर ने कहा कि किसानों की सांस्कृतिक परंपरा बनाए रखने के लिए पिछले 25 साल से यहां बड़े पैमाने पर बैलपोळा उत्सव मनाया जा रहा है। बैलजोड़ी खेत में जी-जान से मेहनत करके किसानों की कमाई बढ़ाने में मदद करती है, इसलिए इनका सम्मान होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि आगे कृषि प्रदर्शनी और बड़े स्तर पर हो, इसके लिए कृषि विभाग को कोशिश करनी चाहिए। उन्होंने यह भी बताया कि राज्य के मुश्किल में फंसे किसानों के लिए सरकार ने ऐतिहासिक कर्जमाफी की है, जिसका फायदा जिले के 33 हजार किसानों को मिला है।
कृषि राज्यमंत्री एडवोकेट आशिष जयस्वाल ने कहा कि राज्य सरकार किसानों की भलाई की कई योजनाएं चला रही है। कृषि यांत्रिकीकरण योजना का फायदा किसानों तक पहुंचाने के लिए लॉटरी पद्धति बंद कर दी गई है। महिला शेतकरी सन्मान योजना शुरू की गई है। गोपीनाथ मुंडे सानुग्रह योजना से राज्य की 2 करोड़ महिलाओं को फायदा मिलेगा। किसानों को कर्जमाफी का लाभ दिया जा रहा है और बळीराजा शेत पांदनरस्ता योजना किसानों के लिए फायदेमंद साबित हुई है। उन्होंने बताया कि अगले 20 साल में किसान कैसे समृद्ध होगा, इसका रोडमैप तैयार किया गया है।
इस मौके पर सुधीर पांगुळ और संजय गाते ने भी अपने विचार रखे। इससे पहले मान्यवरों के हाथों कृषि प्रदर्शनी का फीता काटकर और बैलजोड़ी की पूजा करके बैल पोळा का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसान और नागरिक मौजूद थे।