पुणे: फर्जी पेमेंट ऐप से ATM पर लोगों को ठगने का आरोपी 12 घंटे में गिरफ्तार, दो मामले सुलझे
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कोरेगांव पार्क पुलिस ने केस दर्ज होने के 12 घंटे के भीतर 25 साल के ऑटोरिक्शा ड्राइवर को गिरफ्तार किया। उस पर बैंक ATM पर कैश जमा करने आए लोगों से ठगी का आरोप है।
पुणे, 31 अक्टूबर 2026: कोरेगांव पार्क पुलिस ने 25 साल के एक ऑटोरिक्शा ड्राइवर को गिरफ्तार किया है। उस पर आरोप है कि उसने बैंक ATM पर कैश जमा करने आए लोगों को फर्जी पेमेंट ऐप के जरिए ठगा। केस दर्ज होने के 12 घंटे के अंदर ही पुलिस ने उसे पकड़ लिया।
आरोपी की पहचान फुरसुंगी के रहने वाले रोहित सुभाष चव्हाण के रूप में हुई है। आरोप है कि वह कैश डिपॉजिट मशीन के पास आने वाले लोगों को निशाना बनाता था। वह कैश लेकर डिजिटल तरीके से पैसे ट्रांसफर करने की पेशकश करता था। इसके बाद फर्जी पेमेंट ऐप दिखाकर यह भरोसा दिला देता था कि पैसे भेज दिए गए हैं, और इस तरह लोगों के साथ ठगी करता था।
पुलिस के मुताबिक, कोरेगांव पार्क पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में FIR नंबर 177/2026 दर्ज थी। इसी केस की जांच कर रही टीम को एक टिप मिली, जिसके बाद गिरफ्तारी हुई।
टिप के आधार पर पुलिस की एक टीम ने चव्हाण का पता कामशेत में शिवाजी चौक के पास राज मोबाइल शॉप पर लगाया। आरोप है कि पुलिस के पहुंचने पर उसने भागने की कोशिश की, लेकिन टीम ने उसे पकड़ लिया।
पूछताछ में चव्हाण ने कथित तौर पर इस अपराध में अपना हाथ होना कबूल किया। पुलिस का कहना है कि आगे की जांच में सामने आया कि उसने अपने साथी करण प्रकाश चव्हाण की मदद से ऐसे ही दो और अपराध किए थे।
इस तरह पुलिस ने कोरेगांव पार्क और खराड़ी पुलिस स्टेशनों में दर्ज दो मामले सुलझा लिए हैं। पुलिस ने एक मोबाइल फोन और एक ऑटोरिक्शा समेत 60,000 रुपये का माल जब्त किया है। फरार साथी की तलाश जारी है।
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अफसरों के मार्गदर्शन में की गई, जिनमें पुलिस उपायुक्त राजलक्ष्मी शिवरकर और कोरेगांव पार्क के सीनियर इंस्पेक्टर विजयकुमार डोके शामिल हैं। मामले की आगे की जांच पुलिस सब-इंस्पेक्टर नरेंद्र शिंदे कर रहे हैं।
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