वरोरा के आरोपी पर एमपीडीए, नाम पर पुलिस स्टेशन में १८ केस दर्ज
चंद्रपुर के जिला मजिस्ट्रेट ने वरोरा के कुख्यात आरोपी देवा नौकरकर को एक साल के लिए स्थानबद्ध करने का आदेश दिया, पुलिस के मुताबिक उस पर खून, अवैध शराब बिक्री, आर्म्स एक्ट और जुगार एक्ट के तहत १८ मामले दर्ज हैं।
चंद्रपुर जिले के वरोरा में रहने वाले देवा उर्फ देविदास भैयाजी नौकरकर को एक साल के लिए स्थानबद्ध करने का आदेश दिया गया है। यह आदेश जिला मजिस्ट्रेट वसुमना पंत ने २४ सितंबर २०२६ को पारित किया। पुलिस के मुताबिक वरोरा पुलिस स्टेशन में उसके खिलाफ खून, अवैध शराब बिक्री, आर्म्स एक्ट और जुगार एक्ट के तहत कुल १८ केस दर्ज हैं।
पुलिस अधीक्षक आयुष नोपानी ने यह प्रस्ताव तैयार किया था। पुलिस का कहना है कि त्योहारों के इस मौसम में जिले में शांति बनाए रखने के लिए सराईत आरोपियों पर कार्रवाई चल रही है। स्थानबद्धता का यह फैसला प्रतिबंधात्मक है और इसके लिए पुलिस ने जो तथ्य पेश किए, उन्हीं के आधार पर यह आदेश दिया गया।
पुलिस के मुताबिक देवा नौकरकर के खिलाफ वरोरा पुलिस स्टेशन में खून, अवैध शराब बिक्री, आर्म्स एक्ट (हथियार कानून) और महाराष्ट्र जुगार एक्ट के तहत १८ गंभीर केस दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि उसकी लगातार आपराधिक गतिविधियों की वजह से वरोरा और आसपास के इलाके में आम लोगों में काफी डर का माहौल बन गया था। इससे पहले भी पुलिस ने उस पर समय-समय पर अलग-अलग प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की थी, लेकिन आरोप है कि उसने कानून की परवाह किए बिना अपनी आपराधिक गतिविधियां जारी रखीं।
उसकी बढ़ती आपराधिक गतिविधियों की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक आयुष नोपानी ने एमपीडीए कानून (सुधार २००९, २०१५) के तहत स्थानबद्धता का सख्त प्रस्ताव तैयार किया। यह प्रस्ताव मंजूरी के लिए जिला मजिस्ट्रेट सह जिलाधिकारी वसुमना पंत (भा.प्र.से.) के पास भेजा गया था। प्रस्ताव में दिए गए तथ्यों, दर्ज केसों और लोकल हालात को गंभीरता से देखते हुए जिला मजिस्ट्रेट वसुमना पंत ने २४ सितंबर २०२६ को आरोपी देवा उर्फ देविदास भैयाजी नौकरकर को इस कानून के तहत एक साल के लिए स्थानबद्ध करने का अंतिम आदेश दिया।
गणेशोत्सव के दौरान पुलिस की इस कार्रवाई से आपराधिक जगत में हलचल मच गई है, वहीं लोगों में इससे राहत का माहौल है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक आयुष नोपानी और अपर पुलिस अधीक्षक ईश्वर कातकडे के मार्गदर्शन में वरोरा के उपविभागीय पुलिस अधिकारी संतोष बाकल, स्थानीय अपराध शाखा के पुलिस निरीक्षक अमोल काचोरे, वरोरा पुलिस स्टेशन के थानेदार ओमप्रकाश सोनटक्के और सहायक पुलिस निरीक्षक योगेश खरसान ने मिलकर की। पुलिस प्रशासन ने चेतावनी दी है कि आगे भी जिले की शांति भंग करने वाले और कानून व्यवस्था को नुकसान पहुंचाने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।