वर्धा सायबर पुलिस का फर्जी बैंक खातों के गैंग पर एक्शन, दो गिरफ्तार
म्यूल बैंक खातों से लोगों को ठगने वाले रैकेट का वर्धा सायबर पुलिस स्टेशन ने पर्दाफाश किया, दो आरोपी गिरफ्तार।
वर्धा के सायबर पुलिस स्टेशन ने म्यूल बैंक खातों के जरिए लोगों को आर्थिक चूना लगाने वाले एक गैंग का भंडाफोड़ किया है। महाराष्ट्र सायबर और 14C यानी इंडियन सायबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर से पुलिस को कुछ संदिग्ध खातों की लिस्ट मिली थी। इसी लिस्ट के आधार पर पुलिस ने अकोला अर्बन को-ऑप बैंक लिमिटेड की वर्धा शाखा में इन खातों की गहराई से जांच की। जांच में सामने आया कि ये खाते सायबर फ्रॉड के लिए इस्तेमाल हो रहे थे। इसके बाद सायबर पुलिस स्टेशन वर्धा में अपराध क्रमांक 17/2026 दर्ज किया गया, जिसमें भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 61(2) और आईटी एक्ट की धारा 66(D) लगाई गई है।
जांच के दौरान पता चला कि अकोला अर्बन बैंक के कुछ खातों से संदिग्ध लेनदेन हो रहे थे। पुलिस के मुताबिक आरोपी नवीन सुरेश आहुजा, उम्र 42 साल, निवासी वर्धा और आशीष उर्फ आशू श्यामकुमार दुब्बानी, उम्र 28 साल, ने अपने बाकी साथियों के साथ मिलकर आम लोगों को कर्ज दिलाने का झांसा दिया था। इस लालच में फंसकर लोगों ने अपने नाम पर बैंक खाते खुलवा दिए।
पुलिस के अनुसार इन बैंक खातों का इस्तेमाल सायबर ठगी से मिली रकम जमा करने, उसे दूसरे खातों में ट्रांसफर करने और नकद निकालने के लिए किया जा रहा था। तफ्तीश में यह भी सामने आया कि आरोपी आशीष उर्फ आशू श्यामकुमार दुब्बानी, सालोड इलाके की महिलाओं के नाम पर गैरकानूनी तरीके से सिमकार्ड बनवाकर देता था। वहीं आरोपी नवीन आहुजा पर पुलिस का आरोप है कि उसने गवाह के तौर पर सामने आईं महिलाओं के नाम पर बैंक खाते खुलवाकर उन्हें ठगी की रकम ट्रांसफर करने के लिए इस्तेमाल किया।
इस मामले में दोनों आरोपी नवीन सुरेश आहुजा और आशीष उर्फ आशू श्यामकुमार दुब्बानी को गिरफ्तार कर लिया गया है। सायबर पुलिस स्टेशन, वर्धा में इनके खिलाफ अपराध क्रमांक 17/2026 के तहत बीएनएस की धारा 318(4), 61(2) और आईटी एक्ट की धारा 66(D) में केस दर्ज किया गया है। मामले की आगे की जांच पुलिस कर रही है।
यह कार्रवाई वर्धा के पुलिस अधीक्षक सौरभ कुमार अग्रवाल और अपर पुलिस अधीक्षक सदाशिव वाघमारे के मार्गदर्शन में हुई। सायबर पुलिस स्टेशन के पुलिस निरीक्षक चंद्रकांत पाटील की देखरेख में पुलिस उपनिरीक्षक आयेशा मुल्ला, पुलिस हवलदार वैभव कटोजवार, अमित शुक्ला, ओमप्रकाश कोकोडे, रणजित जाधव, पुलिस शिपाई पवन झाडे, महिला पुलिस शिपाई लेखा राठोड और आरती पारीसे समेत सायबर पुलिस स्टेशन वर्धा की टीम ने यह कार्रवाई की।
वर्धा सायबर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सायबर ठगी से सावधान रहें। किसी भी अनजान या संदिग्ध व्यक्ति को अपना बैंक खाता, एटीएम कार्ड, ओटीपी, सिमकार्ड या पैसों के लेनदेन का अधिकार न दें। कर्ज दिलाने के झांसे में बिल्कुल न आएं। अगर ठगी हो जाए तो तुरंत सायबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर या नजदीकी सायबर पुलिस स्टेशन से संपर्क करें।