रत्नागिरी के देवरुख में घर के सामने घूमता दिखा तेंदुआ, CCTV में कैद, पिंजरे की मांग
देवरुख के साडवली-सह्याद्री नगर में तेंदुए की चहलकदमी CCTV में कैद हुई। लोगों ने वन विभाग से जल्द पिंजरा लगाने की मांग की है।
कोकण के कुछ जिलों में तेंदुओं का डर बढ़ता जा रहा है। बार-बार रिहायशी इलाकों में तेंदुए दिखने से लोग दहशत में जी रहे हैं। अब रत्नागिरी जिले के देवरुख के साडवली-सह्याद्री नगर इलाके में एक बार फिर तेंदुए की मौजूदगी सामने आई है, जिससे लोगों में खौफ का माहौल है।
आज (10 अक्टूबर) तड़के इलाके के स्थानीय निवासी भाई शिंदे के घर के सामने तेंदुआ घूमता दिखाई दिया। पूरा नज़ारा घर के बाहर लगे CCTV कैमरे में कैद हो गया। वीडियो में तेंदुआ इंसानी बस्ती के पास आराम से टहलता नज़र आ रहा है, और इसी वजह से आसपास रहने वालों की चिंता और बढ़ गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कुछ दिनों से देवरुख शहर और उससे लगे गांव वाले इलाकों में तेंदुए की आवाजाही बढ़ गई है। रात और तड़के के वक्त तेंदुए खाने की तलाश में बस्ती की तरफ आ रहे हैं, इसलिए लोगों की सुरक्षा का सवाल अहम हो गया है। गांव वाले खास तौर पर छोटे बच्चों, बुज़ुर्गों और घर के बाहर बंधे पालतू जानवरों को लेकर फिक्रमंद हैं। रात में घर से बाहर निकलते वक्त भी लोगों को सावधानी बरतनी पड़ रही है।
साडवली-सह्याद्री नगर में तेंदुआ खुलेआम घूम रहा है, इसलिए स्थानीय लोगों ने मांग की है कि वन विभाग इस मामले को फौरन गंभीरता से ले। साडवली और देवरुख इलाके के ग्रामीणों का कहना है कि तेंदुए की हरकतों पर नज़र रखने के लिए ज़रूरी इंतज़ाम किए जाएं और ज़रूरत पड़े तो इलाके में पिंजरा लगाकर तेंदुए को सुरक्षित तरीके से पकड़ा जाए।
इसके अलावा सह्याद्री की पहाड़ियों और कोकण इलाके में ब्लैक पैंथर यानी काले तेंदुए के दिखने की दर्ज घटनाएं भी बढ़ी हैं, जिसे दुर्लभ माना जाता है। जानकारों की राय है कि बढ़ती जंगल कटाई, इंसानी बस्तियों का फैलाव और खाने-पानी की तलाश की वजह से जंगली जानवर जंगल से निकलकर बस्ती की ओर आ रहे हैं। यह भी सामने आया है कि वे रात के वक्त पालतू कुत्तों का शिकार कर रहे हैं।
वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं और रात में अकेले बाहर जाने से बचें। पालतू जानवरों की हिफाज़त का ध्यान रखें। तेंदुआ या कोई दूसरा जंगली जानवर दिखे तो फौरन वन विभाग (Forest Department) से संपर्क करें।