नेरळ बाजारपेठ बंद, गोरख शेप के अनशन को समर्थन; चौथे दिन सेहत पर डॉक्टरों की सलाह
नेरळ में मानवाधिकार कार्यकर्ता गोरख शेप के अनशन के चौथे दिन बाजारपेठ बंद रही। ECG के बाद कार्डियोलॉजिस्ट से इलाज की सलाह दी गई है।
कर्जत तालुका के नेरळ गांव में आज बाजार पूरी तरह बंद रहा। मानवाधिकार कार्यकर्ता गोरख शेप के अनशन को समर्थन देने के लिए यह बंद बुलाया गया था। शेप ने 28 सितंबर से गांव के मसलों को सुलझाने की मांग पर अनशन शुरू किया है।
शेप नेरळ गांव के छत्रपति शिवाजी महाराज चौक पर बैठे हैं। उनकी कुल 13 मांगें हैं। इनमें नेरळ ग्रामपंचायत से जुड़े मामले और लोक निर्माण विभाग व जिला परिषद के निर्माण विभाग से जुड़े काम निपटाने की मांग शामिल है। वे चाहते हैं कि नेरळ ग्रामपंचायत के ग्रामपंचायत अधिकारी और प्रशासक के कामकाज की जांच हो। एक मांग यह भी है कि नेरळ नगरपरिषद बने। तीन दिन के अनशन में इन 13 मांगों में से एक भी पूरी नहीं हुई।
इसके बाद "हम नेरळकर" ग्रुप ने नेरळ बाजार बंद रखने की अपील की। कई नौजवानों ने बाजार में घूमकर लोगों से यह अपील की। अनशन के चौथे दिन आज सुबह से ही गांव का बाजार बंद दिखा। ग्रुप की अपील के बाद सुबह से यह बंद 100 फीसदी कामयाब होता दिख रहा है।
नेरळ के व्यापारियों ने अपनी दुकानें बंद रखीं। फेरीवाले और फुटपाथ पर बैठकर धंधा करने वालों ने भी अपील मानकर कारोबार रोक दिया। पुलिस स्टेशन से मिली जानकारी के मुताबिक नेरळ बंद की अपील वाला कोई पत्र पुलिस को नहीं दिया गया है। फिर भी गांव के सवाल सुलझाने के लिए अनशन चल रहा है, इसलिए बाजार बंद रखकर लोग अपना समर्थन जता रहे हैं।
इस बीच शेप की तबीयत को लेकर फिक्र बढ़ी है। आधी रात के बाद उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ तो नेरळ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टरों ने ECG निकालकर जांच की। शेप दिल के मरीज हैं।
स्वास्थ्य विभाग की तरफ से नेरळ पुलिस और प्रशासन को सुझाव दिया गया है कि शेप की बायपास सर्जरी हो चुकी है, इसलिए उन्हें अस्पताल में भर्ती कर कार्डियोलॉजिस्ट की निगरानी में इलाज दिया जाए। ऐसे में चौथे दिन के बाद भी अनशन जारी रहा तो प्रशासन उन्हें अस्पताल में भर्ती करे, इस संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।