नागपुर में आयटक के सम्मेलन में अमरजीत कौर बोलीं, वोट चोरी से मिली भाजपा को सत्ता
आयटक की राष्ट्रीय महासचिव अमरजीत कौर ने नागपुर के संविधान चौक पर महाराष्ट्र राज्य के 20वें महाधिवेशन के उद्घाटन में भाजपा पर वोट चोरी का आरोप लगाया।
नागपुर में आयटक (AITUC) के महाराष्ट्र राज्य के 20वें महाधिवेशन का उद्घाटन संविधान चौक पर हुआ। इसमें आयटक की राष्ट्रीय महासचिव अमरजीत कौर ने आरोप लगाया कि भाजपा ने वोटों की चोरी करके सत्ता हासिल की है। उनका कहना था कि इसके खिलाफ देश का युवा अब आंदोलन के रास्ते पर उतर रहा है।
अमरजीत कौर ने कहा कि युवाओं को शिक्षा और रोजगार चाहिए, लेकिन भाजपा सरकार देश के युवाओं को बेरोजगार रखने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि एक लाख से अधिक स्कूल बंद हो चुके हैं। उन्होंने दावा किया कि युवा शक्ति ने दिखा दिया है कि मोदी सरकार की कथित साजिशों को अब जारी नहीं रहने दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि यह सरकार अब ज्यादा दिनों तक नहीं चलने वाली है और देश का युवा जाग चुका है। उन्होंने यह दावा भी किया कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को मोदी ज्यादा दिनों तक नहीं बचा पाएंगे। अमरजीत कौर के मुताबिक केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को जेन-जी आंदोलन के कारण इस्तीफा देना पड़ा था, और अब ज्ञानेश कुमार को भी इस्तीफा देना पड़ेगा।
उद्घाटन समारोह से पहले सुभाष रोड से एक रैली निकाली गई, जो संविधान चौक पहुंचकर सार्वजनिक सभा में बदल गई। समारोह की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष बी.एन.जे. शर्मा ने की। सलिल देशमुख, सुभाष लांडे, मोहन शर्मा, सुकुमार दामले, सी.जे. जोसेफ, श्याम काले और राजू देसले समेत पूरे राज्य से आए बड़ी संख्या में सदस्य वहां मौजूद थे।
सभा में पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख ने भी केंद्र और राज्य सरकार की मजदूर विरोधी नीतियों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि काम के घंटे 8 से बढ़ाकर 12 घंटे किए जा रहे हैं। उनके मुताबिक मजदूरों का दमन करने के मकसद से 29 श्रम कानूनों को रद्द करके 4 श्रम संहिताएं लागू की गई हैं।
अनिल देशमुख ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार ने जन सुरक्षा कानून के नाम पर तानाशाही वाला रवैया अपनाया है। उनका कहना था कि सरकार की नीतियों का विरोध करने वालों को "शहरी नक्सली" घोषित करके गिरफ्तार करने जैसा कानून बनाया गया है।