एशियन गेम्स 2026: निशानेबाजी में भारत को दो मिनट में गोल्ड और सिल्वर, पदक तालिका में बड़ी छलांग
कमलजीत और सुरुची सिंह की जोड़ी ने मिक्स्ड टीम 10 मीटर एयर पिस्टल में सोना जीता, उससे ठीक पहले पुरुष टीम ने 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन में सिल्वर पदक अपने नाम किया।
जापान में चल रहे एशियन गेम्स 2026 में भारत के लिए निशानेबाजी की रेंज से एक के बाद एक दो बड़ी खुशखबरी आई। महज दो मिनट के भीतर भारत के खाते में एक गोल्ड और एक सिल्वर मेडल आ गया, जिससे टीम इंडिया पदक तालिका में काफी ऊपर पहुंच गई। इससे पहले एक गोल्ड मेडल के साथ भारत 15वें नंबर पर था, लेकिन इन दो पदकों के बाद वह 12वें स्थान पर आ गया है।
सबसे पहले पुरुषों की 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन टीम स्पर्धा में ऐश्वर्या प्रताप सिंह तोमर, रुद्राक्ष पाटील और नीरज कुमार की तिकड़ी ने शानदार निशानेबाजी करते हुए सिल्वर मेडल पक्का किया। पूरे मुकाबले में क्वालिफिकेशन से लेकर टीम इवेंट तक भारतीय निशानेबाजों ने लगातार अच्छा प्रदर्शन किया और दूसरा स्थान हासिल कर पोडियम पर तिरंगा लहराया।
इस टीम की जीत के ठीक दो मिनट बाद भारत के खाते में निशानेबाजी का एक और मेडल जुड़ा, और इस बार तो सीधे गोल्ड मेडल आया। मिक्स्ड टीम 10 मीटर एयर पिस्टल इवेंट के फाइनल में कमलजीत और सुरुची सिंह की भारतीय जोड़ी ने मजबूत मानी जा रही साउथ कोरिया की जोड़ी को एकतरफा अंदाज में हराकर देश के लिए इतिहास रच दिया। यह एशियन गेम्स में भारत का दूसरा गोल्ड मेडल है, और शूटिंग में मिला पहला सोना भी।
फाइनल में स्कोर की बात करें तो भारत ने 484.6 अंकों के साथ गोल्ड मेडल जीता। साउथ कोरिया 478.0 अंक लेकर सिल्वर पर रहा, जबकि ईरान ने 415.8 अंकों के साथ ब्रॉन्ज मेडल हासिल किया।
कमलजीत और सुरुची सिंह की इस जोड़ी का दमखम सुबह की क्वालिफिकेशन राउंड से ही दिखने लगा था। दोनों ने क्वालिफिकेशन में पहला स्थान हासिल करते हुए 587 अंकों का नया एशियाई रिकॉर्ड बनाया और फाइनल के लिए क्वालिफाई किया। क्वालिफिकेशन में दूसरे नंबर पर रही मंगोलिया की टीम पर उन्होंने 70 अंकों की बड़ी बढ़त बना ली थी, जिससे साफ हो गया था कि यह जोड़ी फाइनल में भी दमदार खेल दिखाने वाली है, और आखिर में हुआ भी वैसा ही।