पुणे-भिवंडी में छापे का मामला: FDA के 6 और अफसरों के निलंबन पर मुख्यमंत्री की मंजूरी
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अपने कार्यक्षेत्र से बाहर छापे मारने के आरोप में FDA के कुल 26 अफसर मुश्किल में हैं। सूत्रों के मुताबिक 6 के निलंबन और 20 की विभागीय जांच पर मुख्यमंत्री ने हामी भरी है।
मुंबई: पुणे और भिवंडी में डाले गए छापे अब FDA के अफसरों पर भारी पड़ते दिख रहे हैं। सूत्रों के हवाले से खबर है कि FDA के 6 और अफसरों के निलंबन की कार्रवाई को मुख्यमंत्री ने हरी झंडी दे दी है। यानी इन छह अफसरों के निलंबन की संभावना है।
इसके साथ ही कुल 20 अफसरों की विभागीय जांच करके कार्रवाई के आदेश दिए गए हैं। अपने कार्यक्षेत्र से बाहर जाकर छापे मारने के चलते FDA के कुल 26 अफसर मुश्किल में आ गए हैं। इनमें से 6 अफसरों पर निलंबन की कार्रवाई पहले ही हो चुकी है।
आयुक्त तुकाराम मुंडे और मंत्री नरहरी झिरवळ ने इस सिलसिले में फाइल मुख्यमंत्री के पास भेजी थी। अब बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री ने भी कार्रवाई पर मुहर लगा दी है। फाइल में 26 अफसरों पर ठपका रखा गया था। उसी के हिसाब से 6 अफसरों का निलंबन और 20 अफसरों की विभागीय जांच के बाद कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
मामला यह है कि पिछले कुछ दिनों में इन अफसरों ने अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर पुणे और भिवंडी में छापे मारे थे। जिस कंपनी पर छापा पड़ा, वह केंद्र सरकार के तहत आती है, फिर भी महाराष्ट्र के FDA के अफसरों ने यह रेड की। यह टोबैको कंपनी है। बताया गया है कि अफसरों को यह जानकारी होते हुए भी उन्होंने जिस तरह से छापा मारा, वह अनधिकृत था, इसीलिए उन पर कार्रवाई का ठपका लगाया गया। यह पूरा मामला कोर्ट से लेकर दिल्ली तक पहुंचा था और उसके बाद अब यह कार्रवाई होती दिख रही है।
कुछ दिन पहले सुपारी का मामला भी सामने आया था, जिसमें करीब पांच अफसरों को निलंबित किया गया था। उसके बाद अब 26 अफसरों पर कार्रवाई का ठपका लगा है। कहा जा रहा है कि FDA में अब तक का यह सबसे बड़ा मामला है। इसमें शामिल सारे अफसर वरिष्ठ अधिकारी हैं और इन्हीं वरिष्ठ अफसरों पर कार्रवाई होती दिख रही है।
एक तरफ FDA होटलों और दूसरी चीजों पर कार्रवाई करता नजर आता है, वहीं कुछ अनधिकृत और गैरकानूनी छापों की वजह से अब इन अफसरों पर भी कार्रवाई का डंडा चला है। इसलिए संभावना है कि आज दोपहर तक इन छह अफसरों के निलंबन का ऑर्डर सामने आ जाए। उसके बाद 20 अफसरों की विभागीय जांच के आदेश भी मंत्री कार्यालय से निकलने की संभावना है।
ये सारे अफसर पुणे और मुंबई के हैं। इसमें मंत्री कार्यालय के भी कुछ अफसर होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता, इसलिए यह देखना अहम होगा कि उनके नाम भी सामने आते हैं या नहीं। तुकाराम मुंडे और मंत्री नरहरी झिरवळ विभाग के भीतर की कार्रवाई के लिए एक्शन मोड में दिख रहे हैं।
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