मंगलवार, 6 अक्टूबर 2026

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17:55 IST

प्लास्टिक करेंसी लाने की तैयारी तेज, RBI का बड़ा प्लान; 2 बड़ी कंपनियों की एंट्री

भारतीय रिज़र्व बैंक 10 और 20 रुपये के पॉलिमर नोटों के फील्ड ट्रायल की तैयारी में है और इस प्रोजेक्ट में दो कंपनियों की एंट्री हुई है।

प्लास्टिक करेंसी लाने की तैयारी तेज, RBI का बड़ा प्लान; 2 बड़ी कंपनियों की एंट्री
एआई से बनाई गई प्रतीकात्मक तस्वीर; यह घटना का वास्तविक फोटो नहीं है | PT24

देश में कागज के नोटों की जगह अब जल्द ही प्लास्टिक यानी पॉलिमर के नोट आने वाले हैं। भारतीय रिज़र्व बैंक इसके लिए बड़ा प्लान बना रहा है। फिलहाल 10 और 20 रुपये के पॉलिमर नोटों के फील्ड ट्रायल की तैयारी शुरू कर दी गई है।

इसी सिलसिले में पॉलिमर करेंसी के लिए जरूरी सामग्री की सप्लाई के वास्ते कंपनियों से प्रस्ताव मंगाए गए हैं। इस वजह से इस प्रोजेक्ट में अब दो कंपनियों की एंट्री हुई है। असल में सरकार 10 और 20 रुपये के पॉलिमर नोटों के फील्ड ट्रायल को पहले ही मंजूरी दे चुकी है।

यह कदम ऐसे वक्त उठाया गया है, जब दुनिया भर के कई देशों में प्लास्टिक पर आधारित करेंसी चल रही है। वजह यह है कि ये नोट मौजूदा कागज के नोटों से ज्यादा टिकाऊ माने जाते हैं। भारत में भी पॉलिमर नोटों की तैयारी और इसमें शामिल कंपनियों को लेकर अब चर्चा तेज है।

यह प्रोजेक्ट भारतीय रिज़र्व बैंक नोट मुद्रण प्राइवेट लिमिटेड (BRBNMPL) ने शुरू किया है। यह RBI की पूरी मालिकाना हक वाली सहायक कंपनी है। प्रोजेक्ट के तहत पॉलिमर नोट बनाने के लिए जरूरी खास सामग्री सप्लाई करने वाली कंपनियों को चुना जा रहा है।

इसके लिए BOPP नाम की एक खास पॉलीप्रॉपिलीन सामग्री चाहिए। इससे नोटों की छपाई बेहतर होगी और स्याही अच्छी तरह चिपकेगी, यानी इसकी पूरी तसल्ली रहेगी। प्रस्तावित खरीद के लिए अंदाजे से 68,000 रीम सामग्री की जरूरत है। इसमें 10 रुपये और 20 रुपये के नोटों के लिए 34,000-34,000 रीम शामिल हैं।

अब बात उन कंपनियों की जो इस दौड़ में हैं। रिपोर्ट के मुताबिक भारतीय पॉलिमर कंपनी UFlex ने अमेरिका की Spectra Systems के साथ साझेदारी की है। इन दोनों कंपनियों ने मिलकर इस पॉलिमर नोट प्रोजेक्ट के लिए संयुक्त निविदा भरी है।

इस साझेदारी से UFlex की पॉलिमर बनाने की क्षमता और Spectra Systems की नोट सुरक्षा और पहचान की तकनीक, दोनों का फायदा मिल सकता है। टेंडर में हिस्सेदारी पर प्रतिक्रिया देने के लिए UFlex से कहा गया था, लेकिन कंपनी ने कोई जवाब नहीं दिया।

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