नागपुर में LPG सब्सिडी के लिए बायोमेट्रिक e-KYC जरूरी, अधूरे वालों की बुकिंग अटकी
केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्रालय के नियम से नागपुर के हजारों घरेलू LPG उपभोक्ताओं को सब्सिडी वाले रिफिल की बुकिंग में दिक्कत आ रही है।
नागपुर में हजारों घरेलू LPG उपभोक्ताओं को अब सब्सिडी वाला सिलेंडर बुक कराने में परेशानी हो सकती है। केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने गुरुवार से LPG सब्सिडी जारी रखने के लिए बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन को जरूरी शर्त बना दिया है।
जिन उपभोक्ताओं का e-KYC अधूरा है, वे बताया जा रहा है कि सब्सिडी वाले रेट पर घरेलू रिफिल बुक नहीं कर पा रहे हैं। जब तक वे बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन पूरा नहीं करते, उन्हें 5 किलो या 10 किलो का सिलेंडर बाजार भाव पर खरीदना होगा। 14.2 किलो के घरेलू सिलेंडर पर अभी जो सब्सिडी लागू है, वह उन्हें नहीं मिलेगी।
इस फैसले से उपभोक्ताओं में उलझन है और शिकायतें भी आ रही हैं। खासकर वे लोग परेशान हैं जिनका दावा है कि उन्होंने e-KYC पहले ही करा लिया था, लेकिन सिस्टम में उनका बायोमेट्रिक अपडेट नहीं दिख रहा।
इंडस्ट्री के आंकड़ों के मुताबिक देशभर में करीब 27.43 करोड़ यानी 89.9 प्रतिशत सक्रिय LPG उपभोक्ता बायोमेट्रिक e-KYC पूरा कर चुके हैं और उन्हें सब्सिडी के साथ सिलेंडर मिल रहा है। बाकी उपभोक्ताओं को सब्सिडी वाली बुकिंग दोबारा चालू कराने के लिए यह प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
नागपुर के कई LPG एजेंसी संचालकों ने बताया कि उनके पास ऐसे ग्राहकों की शिकायतें आईं, जो e-KYC पूरा मानकर चल रहे थे, फिर भी सब्सिडी वाला रिफिल बुक नहीं कर पाए। कुछ उपभोक्ताओं का आरोप है कि उनकी बायोमेट्रिक जानकारी सिस्टम में दिख ही नहीं रही।
अचानक आई इस रुकावट से गुरुवार को कुछ जगहों पर उपभोक्ताओं और गैस एजेंसी के स्टाफ के बीच गरमागरम बहस हुई। एजेंसी संचालकों को उम्मीद है कि अगले कुछ दिनों में शिकायतें और बढ़ेंगी, क्योंकि लोगों को बुकिंग की नई पाबंदी का पता धीरे-धीरे चलेगा।
एजेंसी संचालकों के मुताबिक जो उपभोक्ता बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन कराना नहीं चाहते या नहीं करा सकते, उन्हें अपनी LPG कंपनी के डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अपनी स्थिति दर्ज करानी होगी। ऐसे उपभोक्ताओं को सब्सिडी नहीं मिलेगी और उन्हें 5 किलो या 10 किलो के छोटे सिलेंडर बाजार भाव पर लेने होंगे।
जो उपभोक्ता बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन सफलतापूर्वक पूरा कर लेंगे, उनके लिए सब्सिडी वाली बुकिंग दोबारा शुरू होने की उम्मीद है, बशर्ते उनकी अपडेट हुई स्थिति सिस्टम में दिखने लगे।
नागपुर में कमर्शियल LPG भी महंगी हो गई है। मासिक रेट रिवीजन के तहत गुरुवार से कमर्शियल सिलेंडर के दाम 63.50 रुपये बढ़े हैं। नागपुर में कमर्शियल सिलेंडर 2,925 रुपये से बढ़कर 2,988.50 रुपये का हो गया है, जबकि घरेलू LPG के दाम में कोई बदलाव नहीं हुआ।
इस बढ़ोतरी से रेस्टोरेंट, होटल, ढाबे और सावजी भोजनालयों का खर्च बढ़ सकता है, जो खाना पकाने के लिए बड़े पैमाने पर कमर्शियल LPG पर निर्भर हैं। पिछले एक साल में कमर्शियल LPG के दाम कई बार बदले हैं, जिससे खाने के कारोबार पर बोझ बढ़ा है। संचालक इस अतिरिक्त खर्च का कम से कम कुछ हिस्सा मेन्यू के ऊंचे दामों के जरिए ग्राहकों पर डाल सकते हैं।
त्योहारों का सीजन शुरू हो चुका है। ऐसे में कमर्शियल खाना पकाने की महंगी लागत और बाकी खर्चों का मिला-जुला असर नागपुर में बाहर खाने वालों की जेब पर और दबाव डाल सकता है।