नागपुर में भुरू शेख पर हमला: MCOCA का फरार आरोपी शेगांव स्टेशन पर गिरफ्तार
क्राइम ब्रांच यूनिट-2 ने शेख मोहसिन उर्फ बाबा टाइगर उर्फ मूसा को शेगांव रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया।
नागपुर के गैंगस्टर शेख अकरम उर्फ भुरू शेख रहमान को मारने की कोशिश में कथित तौर पर शामिल एक वांछित आरोपी को क्राइम ब्रांच यूनिट-2 ने मंगलवार को शेगांव रेलवे स्टेशन पर गिरफ्तार कर लिया। कई शहरों में पुलिस को चकमा देने के बाद वह आखिर हाथ आया। आरोपी की पहचान शेख मोहसिन उर्फ बाबा टाइगर उर्फ मूसा के रूप में हुई है। उसे मंगलवार देर रात आगे की पूछताछ के लिए नागपुर लाया गया।
मोहसिन 11 अगस्त को हुए हमले के बाद से ही फरार था। हमला सीताबर्डी के आनंद नगर में रहने वाले 42 साल के भुरू शेख पर हुआ था। पुलिस का आरोप है कि मोहसिन उस संगठित गिरोह का हिस्सा था, जिसने भुरू को मारने की साजिश रची थी।
मामला इस तरह सामने आया कि 11 अगस्त की रात करीब 11.30 बजे सोमलवाड़ा चौक के पास होटल मेमोरीज के बाहर भुरू को कथित तौर पर निशाना बनाया गया। पुलिस के मुताबिक शेख शरीफ शेख सलीम (36) ने कथित तौर पर MH-40/CH-4777 नंबर की एसयूवी भुरू पर चढ़ा दी और मौके से भाग गया। होटल के कर्मचारियों ने पुलिस और भुरू के परिवार को खबर दी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए ले जाया गया। हमले के बाद से वह इलाज में ही है।
जांच में पुलिस ने बाद में शरीफ के साथ शाहबाज खान उर्फ सलमान बिल्ला खान (25), निवासी ताज नगर, मानकापुर; आमिर बशीर शेख (35), निवासी जिंगाबाई टाकली; मोहम्मद साहिल अल्ताफ अंसारी (28) और मोहम्मद तौफीक शेख मोहम्मद आरिफ (28) को गिरफ्तार किया।
पुलिस का कहना है कि शरीफ को कथित तौर पर पता चला था कि भुरू अक्सर होटल मेमोरीज में रुकता है और कभी-कभी रात में अकेला वहां आता है। आरोप है कि उसने यह जानकारी अपने साथियों को दी और फिर सबने मिलकर हमले की योजना बनाई।
पुलिस के मुताबिक आरोपी कथित तौर पर संगठित अपराधी गिरोह की तरह काम कर रहे थे और उन पर कई मामले दर्ज हैं। इसलिए इस केस में महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण कानून (MCOCA) लगाया गया। फिर भी मोहसिन छिपा रहा।
उसकी तलाश पुलिस को कई जगह ले गई। शुरू में खबर मिली कि वह नागपुर ग्रामीण के खापरखेड़ा में छिपा है, तो वहां तलाशी ली गई, लेकिन कुछ हाथ नहीं लगा। इसके बाद नए सुराग पर पुलिस की टीमें दो बार अकोला गईं।
फिर जांच में अजमेर शरीफ का नाम आया, मगर बताया गया कि पुलिस के पहुंचने से पहले ही मोहसिन वहां से निकल चुका था। एक और सूचना मिली कि वह नागपुर की तरफ जाने वाली ट्रेन में सवार हुआ है। पुलिस ने तुरंत रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स को अलर्ट किया और ट्रेन में तलाशी ली, पर वह तब तक निकल चुका था।
आखिर शेगांव रेलवे स्टेशन पर क्राइम ब्रांच के जवानों ने चुपचाप निगरानी लगाई। सादे कपड़ों में अफसर यात्रियों और डिब्बों पर नजर रखे हुए थे और मोहसिन की मौजूदगी की पुष्टि का इंतजार कर रहे थे।
पुलिस के मुताबिक महिलाओं के लिए आरक्षित जनरल डिब्बे की जांच के दौरान आरोपी दिखा। पुलिस को देखते ही उसने कथित तौर पर भागने की कोशिश की। अफसरों ने पीछा किया और अलग-अलग दिशाओं से घेरकर उसके भागने का रास्ता बंद कर दिया।
मोहसिन को हिरासत में लेकर मंगलवार देर रात नागपुर लाया गया। क्राइम ब्रांच के अफसर अब उससे पूछताछ कर रहे हैं, ताकि हमले में उसकी कथित भूमिका साफ हो सके और यह भी पता चले कि वह संगठित गिरोह से जुड़े दूसरे अपराधों में शामिल था या नहीं।