नागोया में एशियन गेम्स का समापन, भारत 85 मेडल के साथ चौथे नंबर पर, अगली बार दोहा में
जापान के नागोया में एशियन गेम्स 2026 का समापन समारोह रविवार को हुआ। स्पर्धा का ध्वज अब कतर के दोहा को सौंपा गया है।
एशियन गेम्स 2026 का समापन समारोह रविवार को बड़े शानदार अंदाज में हुआ। नागोया के मिजुहो पार्क एथलेटिक स्टेडियम में हुए इस समारोह का अंत जापान के राष्ट्रगान के साथ हुआ। इसी मौके पर स्पर्धा का ध्वज कतर के दोहा को सौंपा गया। दोहा में 2030 में एशियन गेम्स होंगे।
ऑलिम्पिक काउंसिल ऑफ एशिया (ओसीए) ने ध्वज कतर के हवाले किया। दोहा में स्पर्धा का अगला यानी 21वां सीजन खेला जाएगा।
समारोह में खिलाड़ियों की परेड भी निकली। हर देश की नुमाइंदगी उसके ध्वजवाहक ने की। भारत की तरफ से यह सम्मान नीरू ढांडा को मिला, जिन्होंने शूटिंग में दो गोल्ड समेत तीन मेडल जीते। परेड में नीरू ढांडा गर्व के साथ भारत का तिरंगा लहराते दिखे।
भारत का प्रदर्शन इस बार शानदार रहा। देश ने कुल 85 मेडल जीते, जिनमें 21 गोल्ड, 27 सिल्वर और 37 ब्रॉन्ज शामिल हैं। मेडल तालिका में भारत चौथे स्थान पर रहा।
तालिका में चीन पहले नंबर पर रहा। उसके कुल 341 मेडल थे, जिनमें 169 गोल्ड, 89 सिल्वर और 83 ब्रॉन्ज थे। मेजबान जापान 269 मेडल के साथ दूसरे स्थान पर रहा, जिसमें 83 गोल्ड, 95 सिल्वर और 91 ब्रॉन्ज थे। साउथ कोरिया ने 150 मेडल जीते, जिनमें 39 गोल्ड, 43 सिल्वर और 68 ब्रॉन्ज हैं। उज्बेकिस्तान 70 मेडल के साथ पांचवें स्थान पर रहा।
खेल मंत्री किरेन रिजिजू ने भी भारतीय दल को बधाई दी। उन्होंने लिखा कि एशियन गेम्स 2026 का समापन हुआ और टीम इंडिया ने 85 मेडल के साथ शानदार तरीके से विदाई ली। उनके मुताबिक यह ऐसा सफर रहा जिसमें जज्बा था, नए मुकाम थे और ऐसे पल थे जिन पर हर भारतीय को गर्व हुआ। उन्होंने सभी खिलाड़ियों को बधाई दी।
खेलों के हिसाब से देखें तो तीरंदाजी में भारत को पांच मेडल मिले। बॉक्सिंग में तीन और रेसलिंग में दो गोल्ड आए। हॉकी और कबड्डी में पुराना जोश दिखा, क्योंकि दोनों खेलों में पुरुष और महिला टीमों ने गोल्ड जीता। भारतीय महिला और पुरुष क्रिकेट टीमों ने भी अच्छा खेल दिखाकर गोल्ड की गिनती बढ़ाई।
एथलेटिक्स में भी रोमांचक मुकाबले देखने को मिले। भारत के धावकों और फील्ड एथलीटों का दबदबा रहा, और उन्होंने माहौल की चुनौती के बीच ऊंचे दर्जे का प्रदर्शन किया।
गोल्फ में भारत ने इतिहास रचा। प्रणवी उर्स ने एशियन गेम्स में भारत के लिए महिलाओं का पहला व्यक्तिगत गोल्ड मेडल जीता। शूटिंग मेडल दिलाने वाले भारत के सबसे मजबूत खेलों में रहा। इसके अलावा वेटलिफ्टिंग, बैडमिंटन, स्क्वॉश, रोइंग, टेबल टेनिस, सेलिंग, वुशु, कुराश, एमएमए, सॉफ्ट टेनिस और दूसरे खेलों में भी कुछ मेडल आए।