जन्मदिन पर लवलीना बोरगोहेन ने जीता एशियाई खेलों का गोल्ड, मैरी कॉम की बराबरी
लवलीना बोरगोहेन ने एशियाई खेल 2026 में महिलाओं के 75 किलो वर्ग का खिताब जीता।
भारत की स्टार बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन ने अपने जन्मदिन के दिन देश को सोने का तोहफा दिया है। एशियाई खेल 2026 में महिलाओं के 75 किलो वर्ग के खिताबी मुकाबले में उन्होंने चीन की बाओ जियायी को एकमत से 5-0 से हराकर गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
बाओ जियायी एशियाई बॉक्सिंग एलीट चैंपियनशिप 2026 की विजेता हैं। इसके बावजूद लवलीना ने शुरू से ही सब्र और सटीक टाइमिंग दिखाई और अपनी विरोधी को वापसी का कोई मौका नहीं दिया।
गोल्ड मेडल मुकाबले के पहले राउंड में चीनी बॉक्सर बाओ जियायी ने हमलावर शुरुआत की और मुक्कों की झड़ी लगा दी। लेकिन लवलीना ने अपना संयम नहीं खोया। बाओ के हर हमले का उन्होंने जोरदार जवाबी हमलों से जवाब दिया। रिंग में दूरी और टाइमिंग का बढ़िया इस्तेमाल करने की वजह से जजों ने पहला राउंड 3-2 से उनके पक्ष में दिया। इस तरह मुकाबले की शुरुआत में ही उन्हें बढ़त मिल गई।
दूसरे राउंड में चीनी बॉक्सर और ज्यादा आक्रामक दिखीं, मगर लवलीना का आत्मविश्वास साफ नजर आ रहा था। सटीक और असरदार मुक्के जड़कर उन्होंने दूसरा राउंड 4-1 से जीत लिया। तीन में से दो राउंड के बाद वे 2-0 से आगे थीं।
आखिरी यानी तीसरे राउंड में भी लवलीना ने पूरा कंट्रोल अपने हाथ में रखा। बाओ को आगे आने देना और फिर जवाबी हमला करना, उनकी यह रणनीति पूरी तरह कामयाब रही। नतीजा यह रहा कि उन्होंने 5-0 की एकमत जीत के साथ ऐतिहासिक गोल्ड अपने नाम किया।
लवलीना की यह जीत भारतीय दल के लिए बेहद खास है। इस जीत के साथ उन्होंने 2026 के एशियाई खेलों में भारत को 12वां गोल्ड मेडल दिलाया। इतना ही नहीं, एशियाई खेलों के इतिहास में महिला बॉक्सिंग में भारत का यह सिर्फ दूसरा गोल्ड मेडल है।
इससे पहले दिग्गज बॉक्सर मैरी कॉम ने 2014 के एशियाई खेलों में बॉक्सिंग में देश के लिए गोल्ड जीता था। 12 साल बाद लवलीना ने मैरी कॉम की उसी ऐतिहासिक उपलब्धि को दोहराया है और भारतीय बॉक्सिंग के इतिहास में अपना नाम सुनहरे अक्षरों में दर्ज करा लिया है। यह कहना गलत नहीं होगा कि अपने जन्मदिन पर लवलीना ने देश को रिटर्न गिफ्ट दिया है।