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23:25 IST

छिंदवाड़ा के कुकड़ीखापा झरने में फंसे नागपुर के चार दोस्त, SDRF ने डेढ़ घंटे में बचाया

मोहखेड़ थाना इलाके में झरने का पानी अचानक बढ़ने से चट्टानों पर फंसे चार युवकों को SDRF की टीम ने रस्सियों और लाइफ जैकेट की मदद से सुरक्षित निकाला।

छिंदवाड़ा के कुकड़ीखापा झरने में फंसे नागपुर के चार दोस्त, SDRF ने डेढ़ घंटे में बचाया
एआई से बनाई गई प्रतीकात्मक तस्वीर; यह घटना का वास्तविक फोटो नहीं है | PT24

नागपुर के चार युवक रविवार को मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले में कुकड़ीखापा जलप्रपात घूमने गए थे, तभी झरने का पानी अचानक बढ़ जाने से उनकी जान पर बन आई। तेज बहाव के बीच चारों चट्टानों पर फंस गए, लेकिन SDRF की टीम ने करीब डेढ़ घंटे मेहनत करके सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

यह घटना मोहखेड़ थाना इलाके की है। नागपुर के रहने वाले श्याम बोरकर (25), अथर्व ओके (22), मनीष उइके (25) और सतीश बावने (23) झरने की खूबसूरती देखने पहुंचे थे।

चारों दोस्त नजारा देखते-देखते झरने के बीचोंबीच चट्टानों तक चले गए थे। इसी बीच ऊपरी इलाकों में बारिश होने से जलप्रपात का पानी अचानक बढ़ गया और देखते ही देखते बहाव इतना तेज हो गया कि युवकों का वापस लौटना मुश्किल हो गया। हालात बिगड़ते देख किसी ने इसका वीडियो बना लिया और स्थानीय पुलिस को खबर दी।

सूचना मिलते ही उमरानाला चौकी का पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। मामला गंभीर देखकर SDRF की टीम को रेस्क्यू के लिए भेजा गया। SDRF के जवान जरूरी सुरक्षा उपकरण लेकर घटनास्थल पहुंचे और करीब 150 फीट गहरी खाई तथा तेज पानी के बीच रेस्क्यू शुरू किया।

टीम ने रस्सियों के सहारे खाई में उतरकर युवकों तक पहुंच बनाई। चारों को लाइफ जैकेट और लाइफ बॉय दिए गए और एक-एक करके उन्हें सुरक्षित जगह लाया गया। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद चारों को सकुशल बाहर निकाल लिया गया।

SDRF कंपनी कमांडर गणेश कुमार धुर्वे के मुताबिक, टीम को दोपहर करीब 2 बजे इस घटना की सूचना मिली थी। रेस्क्यू उपकरणों के साथ टीम रवाना हुई और करीब एक घंटे में घटनास्थल पर पहुंची। इसके बाद करीब 3 से 3.15 बजे के बीच रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू हुआ, जिसमें जवान रस्सी के सहारे नीचे उतरे और युवकों को सुरक्षित बाहर लाए।

इस घटना के बाद एक बार फिर यह सवाल उठा है कि मानसून के दौरान झरनों और नदी इलाकों में घूमने जाने वाले लोगों की सुरक्षा का क्या इंतजाम हो। ऊपरी इलाकों में बारिश होने पर जलस्तर कुछ ही मिनटों में तेजी से बढ़ सकता है, जिससे नीचे मौजूद लोगों को संभलने का मौका तक नहीं मिलता।

प्रशासन और जानकारों की सलाह है कि बारिश के मौसम में लोगों को झरने, नदी, बांध और गहरे पानी वाली जगहों पर तय सुरक्षित सीमा से आगे नहीं जाना चाहिए। चट्टानों पर उतरकर फोटो या सेल्फी लेने से भी बचना चाहिए।

समय पर SDRF के पहुंचने से नागपुर के चारों युवक सुरक्षित बच गए और बड़ा हादसा टल गया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

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