चंद्रपुर में नशीले पदार्थों पर लगाम, कलेक्टर ने पुलिस को सख्त कार्रवाई को कहा
चंद्रपुर में नशीले पदार्थों की रोकथाम के लिए हो रहे उपायों की समीक्षा बैठक हुई। इसमें जिलाधिकारी वसुमना पंत ने पुलिस विभाग को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नशीले पदार्थों की ढुलाई, बिक्री और जमाखोरी रोकने के लिए सभी विभाग आपस में तालमेल से काम करें।
बैठक में जिला पुलिस अधीक्षक आयुष नोपानी मौजूद थे। स्कूल-कॉलेजों में जागरूकता फैलाने, मेडिकल स्टोर की जांच करने और कुरियर पार्सल पर नजर रखने के निर्देश भी दिए गए। पंत विभिन्न विभागों की ओर से किए जा रहे उपायों का जायजा लेते हुए बोल रही थीं।
जिलाधिकारी पंत ने कहा कि जिले के स्कूल, कॉलेज और दूसरे शैक्षणिक संस्थानों में नशीले पदार्थों के बुरे असर के बारे में बड़े पैमाने पर जागरूकता अभियान चलाया जाए। अगर संस्थान के आसपास नशीले पदार्थ या तंबाकू से बनी चीजें बिकती या इस्तेमाल होती दिखें, तो संस्था तुरंत पुलिस से संपर्क करे। बच्चों में नशे से दूर रहने की समझ बढ़ाने पर शिक्षा विभाग खास ध्यान दे।
जिले में चल रहे केमिकल कारखानों में किसी भी तरह के नशीले पदार्थ का गैरकानूनी उत्पादन न हो, इसका ध्यान संबंधित विभाग रखें। जो कारखाने बंद पड़े हैं, उनकी भी नियमित जांच की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि अन्न एवं औषधि प्रशासन विभाग जिले के मेडिकल स्टोर पर अचानक जाकर जांच करे और पक्का करे कि प्रतिबंधित दवाइयों या ड्रग्स की अवैध बिक्री नहीं हो रही।
जिले की दूसरे राज्यों से लगी सीमा के इलाकों में खेतों में खसखस या गांजा जैसी प्रतिबंधित फसलें न उगाई जाएं, इसके लिए कृषि विभाग सतर्क रहे। कहीं संदिग्ध खेती दिखे तो संबंधित विभागों को फौरन खबर देकर जरूरी कार्रवाई की जाए।
डाक, प्राइवेट कुरियर सेवा और दूसरे जरियों से आने वाले संदिग्ध पार्सल पर भी खास नजर रखने को कहा गया। किसी पार्सल में नशीला पदार्थ होने का शक हो या माल मिले, तो पुलिस विभाग को तुरंत बताया जाए। प्राइवेट गाड़ियों से होने वाली कुरियर और पार्सल की ढुलाई की भी जरूरत के हिसाब से जांच की जाए, ऐसे निर्देश जिलाधिकारी वसुमना पंत ने दिए।
बैठक में पुलिस निरीक्षक अमोल काचोरे, सहायक पुलिस निरीक्षक योगेश हिवसे, केंद्रीय सेवा व कर विभाग के अधीक्षक शशांक मंडल, राज्य उत्पाद शुल्क विभाग के अधीक्षक नितिन धार्मिक, अन्न एवं औषधि प्रशासन विभाग के सहायक आयुक्त सुहास सावंत और जिला कार्यक्रम अधिकारी सुमन पानगंटीवार मौजूद थे। इनके साथ एमआईडीसी और संबंधित विभागों के अधिकारी भी बैठक में शामिल हुए।