17 साल की कुमकुम मोहोड ने जीता एशियाई खेलों में रिकर्व व्यक्तिगत का सुवर्णपदक
शूट-ऑफ में दक्षिण कोरिया की ओ येजिन को हराकर कुमकुम मोहोड ने 48 साल की प्रतीक्षा खत्म की।
एशियाई खेल 2026 में भारत की 17 साल की तीरंदाज कुमकुम मोहोड ने महिलाओं के व्यक्तिगत रिकर्व मुकाबले में सुवर्णपदक अपने नाम किया। फाइनल में उन्होंने दक्षिण कोरिया की खिलाड़ी को हराया। इसके साथ ही कुमकुम रिकर्व प्रकार में पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला बन गईं।
कुमकुम और ओ येजिन के बीच सुवर्णपदक का मुकाबला पांच सेट तक चला। यह मैच बराबरी पर छूटा और फैसला शूट-ऑफ में गया। यानी आखिरी तीर तक मुकाबला खुला रहा।
शुरुआत कुमकुम के लिए अच्छी नहीं रही। कोरियाई खिलाड़ी ने पहला सेट जीता और दूसरा सेट बराबरी पर छूटा। पहले दो सेट के बाद कुमकुम 3-1 से पीछे थीं। बाकी तीन सेट में वापसी करने का भारी दबाव उन पर था।
इसके बाद कुमकुम ने तीसरा सेट 30-29 से जीत लिया और मैच 3-3 की बराबरी पर ला दिया। चौथे सेट में वे फिर पिछड़ गईं और दक्षिण कोरियाई खिलाड़ी 5-3 से आगे हो गई। पांचवां सेट कुमकुम के लिए करो या मरो जैसा था।
पांचवें सेट में कुमकुम ने सटीक 10 अंक बनाए। दक्षिण कोरियाई खिलाड़ी ने 9 अंक लिए। नतीजा यह रहा कि मैच 5-5 पर बराबर छूटा और शूट-ऑफ खेलना पड़ा।
शूट-ऑफ में कुमकुम ने 10 अंक लिए, जबकि दक्षिण कोरिया की खिलाड़ी को सिर्फ 8 अंक मिल पाए। इसी के साथ कुमकुम ने सुवर्णपदक जीतकर इतिहास रच दिया।
इस जीत से महिलाओं के व्यक्तिगत रिकर्व प्रकार में भारत के पहले पदक के लिए 1978 से चली आ रही 48 साल की प्रतीक्षा खत्म हुई। साथ ही कुमकुम ने लॉस एंजेलिस में होने वाले 2028 के ओलिंपिक खेलों में अपनी जगह भी पक्की कर ली।
एशियाई खेल 2026 में कुमकुम का यह दूसरा सुवर्णपदक है। इससे पहले उन्होंने अंकिता भकत और कीर्ति शर्मा के साथ महिलाओं की रिकर्व टीम स्पर्धा में सुवर्णपदक जीता था। 2 अक्टूबर को उन्होंने धीरज बोम्मादेवरा के साथ मिक्स्ड रिकर्व में रजतपदक अपने नाम किया था। तीरंदाजी में इस बार भारत के खिलाड़ियों का प्रदर्शन शानदार रहा है।